पौधों की क्वालिटी सुधारने के लिए Urvann ने बदला मॉडल, अब खुद के फार्म्स से होगी डिलीवरी

ऑनलाइन प्लांट नर्सरी Urvann अब खुद के फार्म्स से पौधों की डिलीवरी करेगी ताकि ग्राहकों को बेहतर क्वालिटी और स्वास्थ्य वाले पौधे मिल सकें।

Kittu Kumari24 October 20262 min read0 viewsNCR
पौधों की क्वालिटी सुधारने के लिए Urvann ने बदला मॉडल, अब खुद के फार्म्स से होगी डिलीवरी

अगर आप भी अपने घर को पौधों से सजाना पसंद करते हैं, तो यह खबर आपके काम की है। ऑनलाइन प्लांट नर्सरी Urvann इन-हाउस फार्मिंग मॉडल की ओर बढ़ गई है। कंपनी ने अब थर्ड-पार्टी सप्लाई चेन को छोड़कर अपना खुद का 'फार्म-टू-कस्टमर' मॉडल लागू किया है, ताकि ग्राहकों तक पहुँचने वाले पौधों की क्वालिटी और सेहत में कोई कमी न रहे।

कंपनी ने बताया कि यह बदलाव 2024 के अंत में शुरू हुआ था और 2026 तक इसे पूरी तरह लागू कर लिया गया है। दरअसल, बाहरी नर्सरियों पर निर्भरता के कारण पौधों की क्वालिटी में उतार-चढ़ाव रहता था, जिससे ग्राहक अक्सर शिकायत करते थे। इस समस्या को जड़ से खत्म करने के लिए Urvann ने अब दिल्ली NCR और बेंगलुरु में 10 एकड़ में फैले चार अपने फार्म्स तैयार किए हैं। इन फार्म्स में एक समय में 50 लाख से ज्यादा पौधों की देखभाल की क्षमता है।

क्वालिटी चेक और डिलीवरी का नया तरीका

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Urvann के को-फाउंडर संभव जैन का कहना है कि जब तक वे बाहरी नर्सरियों पर निर्भर थे, पौधों के स्वास्थ्य पर उनका पूरा नियंत्रण नहीं था, जो कंपनी के लिए एक बड़ी चिंता का विषय था। अब कंपनी भारत और अंतरराष्ट्रीय स्तर के ग्रोअर्स से पौधे मंगवाती है और उन्हें अपने फार्म्स में रखकर उनकी देखभाल करती है। यहाँ एक्सपर्ट हॉर्टिकल्चरिस्ट हर दिन पौधों की सेहत की निगरानी करते हैं।

डिलीवरी से पहले हर पौधे का कड़ा टेस्ट होता है, जिसमें मिट्टी की बनावट, जड़ों की मजबूती, पत्तियों की स्थिति और कीट प्रतिरोधक क्षमता (pest resistance) की जांच की जाती है। इसके साथ ही कंपनी ने ग्राहकों के लिए कुछ खास सुविधाएं भी शुरू की हैं:

  • फ्री नेक्स्ट-डे डिलीवरी: दिल्ली NCR और बेंगलुरु में शाम 7 बजे तक दिए गए ऑर्डर पर अगले दिन मुफ्त डिलीवरी मिलेगी।
  • रिप्लेसमेंट पॉलिसी: अगर पौधा खराब निकलता है या गलत डिलीवरी होती है, तो ग्राहक 48 घंटे के भीतर इनवॉइस और फोटो ईमेल कर रिप्लेसमेंट पा सकते हैं।

IIM अहमदाबाद के पूर्व छात्र संभव जैन और ISB की पूर्व छात्रा आकांक्षा गुप्ता द्वारा शुरू किया गया यह प्लेटफॉर्म अब तकनीक और प्रकृति के मेल से ग्राहकों को बेहतर अनुभव देने की कोशिश कर रहा है।

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