दिवाली और छठ पूजा पर यात्रियों की भीड़ कम करने के लिए UPSRTC चलाएगा 450 अतिरिक्त बसें
दिवाली और छठ पूजा की भीड़ को देखते हुए UPSRTC 450 अतिरिक्त बसें चलाएगा। दिल्ली और लखनऊ-कानपुर रूट पर विशेष ध्यान रहेगा।

त्योहारों के सीजन में घर जाने वालों की भारी भीड़ को देखते हुए उत्तर प्रदेश राज्य सड़क परिवहन निगम (UPSRTC) ने बड़ा फैसला लिया है। दिवाली और छठ पूजा स्पेशल बसों के जरिए यात्रियों के सफर को आसान बनाने के लिए निगम 450 अतिरिक्त बसें तैनात करने जा रहा है। यह विशेष व्यवस्था 6 नवंबर से 17 नवंबर 2026 तक लागू रहेगी, ताकि लोग बिना किसी परेशानी के अपने गंतव्य तक पहुंच सकें।
परिवहन मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) दयाशंकर सिंह ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि इस अवधि के दौरान पूरे बस बेड़े को 100% क्षमता के साथ चलाया जाए। सबसे ज्यादा ध्यान उन रूटों पर रहेगा जहां भीड़ अधिक होती है। इसमें दिल्ली रूट के लिए रोजाना 80 बसें और लखनऊ-कानपुर कॉरिडोर के लिए 200 बसें आवंटित की गई हैं। इसके अलावा, जिन रूटों पर यात्रियों की संख्या 60% से अधिक होगी, वहां तुरंत अतिरिक्त बसें लगाई जाएंगी। यात्रियों का इंतजार कम करने के लिए बसों के फेरों की संख्या भी बढ़ाई जाएगी, जिससे दो ट्रिप वाली बसों को तीन ट्रिप पर ले जाने की कोशिश होगी।
इन प्रमुख शहरों में मिलेगी बेहतर कनेक्टिविटी
निगम ने गोरखपुर, लखनऊ, कानपुर, वाराणसी और अयोध्या जैसे प्रमुख केंद्रों पर सेवाओं को मजबूत करने का प्लान बनाया है। साथ ही गाजियाबाद, मेरठ, मुरादाबाद, बरेली, सहारनपुर, आगरा, अलीगढ़ और इटावा में भी बसों की संख्या बढ़ाई जाएगी।
कर्मचारियों को प्रोत्साहित करने के लिए UPSRTC ने एक विशेष इंसेंटिव स्कीम भी शुरू की है। जो ड्राइवर और कंडक्टर 11 दिन की ड्यूटी पूरी करेंगे और रोजाना औसतन 300 किलोमीटर चलेंगे, उन्हें 400 रुपये प्रतिदिन के हिसाब से कुल 4,800 रुपये तक का बोनस मिलेगा। वर्कशॉप स्टाफ के लिए भी 2,100 से 2,500 रुपये तक के निश्चित प्रोत्साहन राशि का प्रावधान है।
सुरक्षा के लिहाज से निगम बेहद सख्त है। सभी वाहनों की फिटनेस जांच की जाएगी और ड्राइवरों के लिए ब्रेथ एनालाइजर टेस्ट अनिवार्य होगा। साथ ही, इस व्यस्त समय के दौरान कर्मचारियों की छुट्टियां केवल विशेष परिस्थितियों में ही मंजूर की जाएंगी।