Upper Ganga Canal बंद: दिल्ली-NCR और यूपी के कई जिलों में पानी की किल्लत की आशंका

दिल्ली, नोएडा, गाजियाबाद और मेरठ समेत आसपास के इलाकों के लिए आने वाले कुछ दिन मुश्किल भरे हो सकते हैं। सालाना सफाई और मरम्मत के लिए 20-21 अक्टूबर की आधी रात से Upper Ganga Canal closure की प्रक्रिया शुरू हो गई है। करीब 18 दिनों तक नहर बंद रहने की वजह से दिल्ली-NCR और उत्तर प्रदेश के कई जिलों में पानी की भारी किल्लत देखने को मिल सकती है।
सिंचाई विभाग के मुताबिक, यह नहर अब 7-8 नवंबर की आधी रात के आसपास, यानी दिवाली के समय दोबारा खुलेगी। इस बार का रखरखाव कार्य बेहद अहम है क्योंकि 2026 में होने वाले कुंभ मेले की तैयारियां चल रही हैं, जिसके तहत नए घाटों का निर्माण किया जा रहा है। सिंचाई विभाग के एसडीओ भारत भूषण ने बताया कि नहर की तलहटी में जमा लकड़ियों, मलबे और कचरे को हटाना बेहद जरूरी है, ताकि पानी का बहाव सही रहे। वहीं, मेरठ डिवीजन के अधिशासी अभियंता विकास त्यागी ने कहा कि इस दौरान वितरिकाओं और माइनर्स की सिल्ट सफाई का काम भी किया जाएगा।
नोएडा में 25 दिनों तक प्रभावित रहेगी सप्लाई
नहर बंद होने का सबसे ज्यादा असर नोएडा में देखने को मिलेगा, जहां गंगा जल की सप्लाई करीब 20 से 25 दिनों तक पूरी तरह ठप रहेगी। नोएडा अथॉरिटी के जनरल मैनेजर आर.पी. सिंह ने बताया कि इस संकट से निपटने के लिए पिछले साल के मुकाबले 40 अतिरिक्त ट्यूबवेल तैयार किए गए हैं। साथ ही, रैनिवेल के जरिए 100 मिलियन लीटर प्रतिदिन (MLD) से ज्यादा पानी की सप्लाई की योजना बनाई गई है।
हालांकि, इन वैकल्पिक इंतजामों के बावजूद नोएडा अथॉरिटी ने निवासियों को आगाह किया है कि पानी के दबाव (Pressure) में कमी आ सकती है और पानी की गुणवत्ता को लेकर भी कुछ समस्याएं हो सकती हैं। राहत की बात यह है कि हरिद्वार में श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए हर की पौड़ी और ब्रह्मकुंड पर पानी का प्रवाह पर्याप्त रखा जाएगा।