दिल्ली-NCR में बेमौसम भारी बारिश से बदला मौसम, IMD ने जारी किया रेड अलर्ट

देश की राजधानी दिल्ली और उसके आसपास के इलाकों में मौसम ने अचानक करवट ली है। रविवार रात से शुरू हुई दिल्ली NCR भारी बारिश ने न केवल उमस से राहत दिलाई, बल्कि तापमान में भी भारी गिरावट दर्ज की है। सोमवार सुबह तक रुक-रुक कर हुई इस बारिश ने शहर की रफ्तार पर असर डाला और कई इलाकों में जलभराव की स्थिति पैदा कर दी।
भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के मुताबिक, यह मौसम परिवर्तन पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbance), बंगाल की खाड़ी से आने वाली तूफानी हवाओं और पूर्वी उत्तर प्रदेश के ऊपर बने चक्रवाती परिसंचरण के कारण हुआ है। इस बारिश का असर केवल दिल्ली ही नहीं, बल्कि नोएडा, गुरुग्राम, फरीदाबाद, गाजियाबाद, सोनीपत और पानीपत जैसे शहरों में भी व्यापक रूप से देखा गया। सफदरजंग वेधशाला ने सोमवार सुबह तक 40 मिलीमीटर बारिश दर्ज की है।
सावधान रहें: दिल्ली के लिए रेड और पड़ोसी राज्यों के लिए ऑरेंज अलर्ट
मौसम विभाग ने सोमवार सुबह 6:00 बजे से 9:00 बजे के बीच दिल्ली के सभी 11 जिलों के लिए 'रेड वॉर्निंग' जारी की थी। चेतावनी में 60 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से चलने वाली हवाओं और प्रति घंटे 15 मिमी से अधिक की तीव्र बारिश का अनुमान लगाया गया था। वहीं, हरियाणा के गुरुग्राम, फरीदाबाद, रोहतक और सोनीपत सहित उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद, नोएडा (गौतम बुद्ध नगर), मेरठ और बुलंदशहर जैसे इलाकों के लिए 'ऑरेंज अलर्ट' जारी किया गया, जहां 40-60 किमी प्रति घंटे की हवाओं के साथ बारिश की संभावना जताई गई।
प्रशासन ने नागरिकों को सावधानी बरतने की सलाह दी है। लोगों से अपील की गई है कि वे तूफान के दौरान पेड़ों या कमजोर ढांचों के नीचे शरण न लें और जलभराव वाले क्षेत्रों से दूर रहें। इसके अलावा, जम्मू-कश्मीर, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड जैसे पहाड़ी राज्यों में भी भूस्खलन और बर्फबारी की चेतावनी दी गई है।
राहत की बात यह है कि यह मौसम अब धीरे-धीरे सामान्य होगा। IMD के अनुसार, 13 से 17 अक्टूबर तक दिल्ली-NCR में मौसम शुष्क रहने की उम्मीद है। इस दौरान आसमान में आंशिक रूप से बादल छाए रह सकते हैं और अधिकतम तापमान 31 से 35 डिग्री सेल्सियस के बीच रहने का अनुमान है।