UNSC ने दिल्ली के Red Fort Blast के पीछे AQIS का हाथ बताया, 11 लोगों की हुई थी मौत

UNSC (United Nations Security Council) ने नवंबर 2025 में दिल्ली के iconic Red Fort के पास हुए blast के लिए officially AQIS (Al-Qaida in the Indian Subcontinent) को जिम्मेदार ठहराया है। इस blast में 11 लोगों की मौत हुई थी और कई लोग घायल हुए थे। यह जानकारी 38th report of the Analytical Support and Sanctions Monitoring Team में दी गई है, जिसे 10 अगस्त 2026 को जारी किया गया था। रिपोर्ट में स्पष्ट रूप से कहा गया है कि नवंबर 2025 में दिल्ली के Red Fort पर हुआ हमला officially AQIS द्वारा किया गया था।
हाथ में इस्तेमाल विस्फोटक और NIA की कार्रवाई
इस attack में vehicle-borne improvised explosive device (VBIED) और TATP (Triacetone Triperoxide) विस्फोटक सामग्री का इस्तेमाल किया गया था, जिससे कई लोग घायल भी हुए थे। इससे पहले India की NIA (National Investigation Agency) ने मई 2026 में AQIS के affiliate Ansar Ghazwat-ul-Hind (AGuH) से जुड़े 10 लोगों के खिलाफ chargesheet दायर की थी। NIA ने medicine के former assistant professor उमर उन-नबी को मुख्य हमलावर के रूप में पहचाना, जिसकी VBIED चलाते समय blast में मौत हो गई थी। UNSC की 37th report में एक UN Member State द्वारा Jaish-i-Mohammed (JiM) का इस हमले से संबंध बताए जाने का जिक्र था, लेकिन नवीनतम 38th report ने इसे बदलते हुए officially AQIS को जिम्मेदार बताया है।
AQIS का बदलता स्वरूप और अन्य खुलासे
UNSC report में AQIS के बदलते स्वरूप पर प्रकाश डाला गया है और बताया गया है कि यह एक fragmented group से बदलकर regional terrorist entity बन गया है। रिपोर्ट में वर्णन किया गया है कि यह group बड़े units के बजाय decentralised small, scattered cells के जरिए काम कर रहा है और सक्रिय रूप से logistics तथा financial networks स्थापित कर रहा है। रिपोर्ट में AQIS द्वारा Bangladesh का उपयोग करके cells स्थापित करने के प्रयासों पर भी चिंता व्यक्त की गई है। इसके अलावा, रिपोर्ट में Al-Qaida और Islamic State (ISIL/Da'esh) दोनों की chemical और biological weapons विकसित करने में निरंतर रुचि का उल्लेख किया गया है, जिसमें 2025 के अंत में India में ISIL cell से जुड़े ricin विकसित करने की साजिश के मामले में एक डॉक्टर सहित तीन व्यक्तियों की गिरफ्तारी का हवाला दिया गया है।