कालिंदी कुंज में दिल्ली पुलिस की बड़ी कार्रवाई, दो कुख्यात बदमाश गिरफ्तार, 11 मामले सुलझे
दिल्ली पुलिस ने कालिंदी कुंज में माया गैंग के सदस्य समेत दो अपराधियों को पकड़ा, जिससे चोरी और स्नैचिंग के 11 मामले सुलझ गए हैं।

दक्षिण-पूर्वी दिल्ली के कालिंदी कुंज इलाके में दिल्ली पुलिस को एक बड़ी कामयाबी मिली है। पुलिस ने गश्त के दौरान दो शातिर अपराधियों को धर दबोचा है, जिनकी गिरफ्तारी के बाद शहर में लंबित 11 आपराधिक मामलों की गुत्थी सुलझा ली गई है। पकड़े गए आरोपियों की पहचान 23 वर्षीय मोहम्मद उमर अंसारी और सुमित बेनीवाल के रूप में हुई है।
यह पूरी कार्रवाई मदनपुर खादर के जेजे कॉलोनी स्थित पुश्ता रोड पर पीपल चौक के पास हुई। पुलिस के मुताबिक, कालिंदी कुंज थाने के कॉन्स्टेबल अजहरुद्दीन और देवेंद्र इलाके में नियमित पेट्रोलिंग कर रहे थे। तभी उनकी नजर एक मोटरसाइकिल पर सवार दो संदिग्ध युवकों पर पड़ी। जब पुलिस ने उन्हें रुकने का इशारा किया, तो आरोपियों ने भागने की कोशिश की, लेकिन वे अपना संतुलन खो बैठे और गिर पड़े, जिसका फायदा उठाकर पुलिस ने उन्हें तुरंत दबोच लिया।
माया गैंग से जुड़ाव और लंबा आपराधिक इतिहास
पुलिस जांच में खुलासा हुआ है कि मोहम्मद उमर अंसारी एक हिस्ट्रीशीटर है और अमर कॉलोनी थाने का 'बैड कैरेक्टर' (BC) दर्ज है। वह कुख्यात 'माया गैंग' का सदस्य बताया जा रहा है और महाराष्ट्र संगठित अपराध नियंत्रण अधिनियम (MCOCA) के तहत भी वांछित है। अंसारी के खिलाफ चोरी, सेंधमारी और आर्म्स एक्ट समेत कुल 18 मामले दर्ज हैं। वहीं, दूसरे आरोपी सुमित बेनीवाल के पास से पुलिस ने एक अवैध बटन वाला चाकू बरामद किया है।
तलाशी के दौरान पुलिस ने एक चोरी की मोटरसाइकिल भी बरामद की है, जो न्यू फ्रेंड्स कॉलोनी थाने में दर्ज एक केस से जुड़ी थी। इसके अलावा अंसारी के पास से एक मोबाइल फोन मिला है, जिसकी ई-एफआईआर 25 अक्टूबर को अमर कॉलोनी थाने में दर्ज कराई गई थी। पुलिस ने 26 अक्टूबर को कालिंदी कुंज थाने में आर्म्स एक्ट और भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS) के तहत मामला दर्ज किया है।
अधिकारियों का कहना है कि यह गिरफ्तारी वरिष्ठ नेतृत्व के निर्देशानुसार स्ट्रीट क्राइम को रोकने के लिए की जा रही सघन पेट्रोलिंग और खुफिया ऑपरेशनों का नतीजा है। इन दोनों की गिरफ्तारी से अमर कॉलोनी, न्यू फ्रेंड्स कॉलोनी और कालकाजी इलाकों में साल 2026 के दौरान हुई स्नैचिंग, चोरी और सेंधमारी की 11 वारदातों को सुलझाने में मदद मिली है।