तिहाड़ जेल में तस्करी के 58% मोबाइल अंगूठे जितने छोटे, सुरक्षा में बड़ी सेंध

देश की सबसे सुरक्षित जेलों में शुमार तिहाड़ जेल की सुरक्षा व्यवस्था में एक चौंकाने वाला खुलासा हुआ है। आरटीआई (RTI) के जरिए सामने आए आंकड़ों के मुताबिक, जेल के भीतर तस्करी कर लाए गए कुल मोबाइल फोन्स में से 58% फोन अंगूठे के आकार के बेहद छोटे डिवाइस हैं। इन नन्हे फोन्स ने जेल प्रशासन की नींद उड़ा रखी है क्योंकि इन्हें पकड़ना बेहद मुश्किल होता जा रहा है।
एक रिपोर्ट के अनुसार, साल 2020 से 2025 के बीच तिहाड़ जेल परिसर से कुल 350 मोबाइल फोन और जुगाड़ से बनाए गए चार्जर बरामद किए गए हैं। सबसे ज्यादा चिंता की बात यह है कि ये फोन इतने छोटे हैं कि इनमें धातु (मेटल) की मात्रा बहुत कम होती है, जिसकी वजह से ये स्टैंडर्ड मेटल डिटेक्टर की पकड़ में भी नहीं आते।
अजीब जगहों पर छिपाए जाते हैं डिवाइस
जेल प्रशासन ने इन छोटे फोन्स को बरामद करने के लिए कई जगहों की तलाशी ली, जहाँ चौंकाने वाली चीजें मिलीं। ये डिवाइस जेल के पाइपों, सिस्टर्न (फ्लश टैंक) और यहाँ तक कि गमलों में छिपे हुए पाए गए। इतना ही नहीं, रिपोर्ट में यह भी दावा किया गया है कि कुछ कैदियों ने इन छोटे फोन्स को शरीर के गुप्त अंगों (बॉडी कैविटी) के जरिए अंदर smuggling करने की कोशिश की है।
इन अल्ट्रा-स्मॉल डिवाइसेस की बढ़ती संख्या सुरक्षा एजेंसियों के लिए एक बड़ी चुनौती बन गई है। जेल के भीतर तकनीक का इस तरह इस्तेमाल होना न केवल नियमों का उल्लंघन है, बल्कि यह जेल के अंदर से बाहरी दुनिया के साथ अवैध संपर्क साधने का एक बड़ा जरिया बन गया है।