सूरजकुंड दिवाली मेला: कलाकारों और शिल्पकारों के लिए बना बेहतरीन मंच, सीपी गोयल ने सराहा
सेंट्रल इंपावरमेंट कमेटी के चेयरमैन सीपी गोयल ने सूरजकुंड दिवाली मेले का भ्रमण कर हस्तशिल्प और सांस्कृतिक विरासत की सराहना की।

फरीदाबाद के सूरजकुंड में आयोजित तीसरे सूरजकुंड दिवाली मेला अपनी रौनक बिखेर रहा है। शनिवार को सेंट्रल इंपावरमेंट कमेटी के चेयरमैन चंद्र प्रकाश गोयल ने इस मेले का दौरा किया और वहां की व्यवस्थाओं का जायजा लिया। उनके साथ फरीदाबाद के उपायुक्त आयुष सिन्हा भी मौजूद रहे, जिन्होंने उन्हें मेले के आयोजन और प्रबंधन से जुड़ी विस्तृत जानकारी दी।
भ्रमण के दौरान चेयरमैन सीपी गोयल ने मेले में लगे विभिन्न स्टॉलों और वहां प्रदर्शित हस्तशिल्प उत्पादों को करीब से देखा। उन्होंने शिल्पकारों द्वारा बनाई गई कलाकृतियों में गहरी रुचि दिखाई और इस बात पर जोर दिया कि ऐसे आयोजन देश की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत और पारंपरिक लोक कलाओं को जीवित रखने का काम करते हैं।
पारंपरिक कला को मिल रही है नई पहचान
चेयरमैन सीपी गोयल ने कहा कि सूरजकुंड मेला केवल एक बाजार नहीं, बल्कि देश की पारंपरिक कला और शिल्पकला को प्रोत्साहित करने वाला एक महत्वपूर्ण मंच है। उन्होंने बताया कि दीपावली जैसे बड़े त्योहार के मौके पर आयोजित यह मेला स्थानीय और देशभर के कलाकारों को अपनी प्रतिभा दिखाने का मौका देता है, जिससे उनके उत्पादों को व्यापक पहचान मिलती है।
मेले में मौजूद सजावटी वस्तुएं और हस्तनिर्मित उत्पाद आगंतुकों के लिए मुख्य आकर्षण बने हुए हैं। उपायुक्त आयुष सिन्हा ने भरोसा दिलाया कि आगंतुकों की सुविधा, सुरक्षा और स्वच्छता का पूरा ख्याल रखा जा रहा है ताकि लोग इस उत्सव का आनंद ले सकें।
इस मौके पर डीएफओ राजकुमार, बल्लभगढ़ एसडीएम त्रिलोक चंद और एजीएम हरविंदर यादव सहित कई अन्य अधिकारी भी उपस्थित रहे। यह आयोजन हरियाणा की सांस्कृतिक पहचान को मजबूत करने और पारंपरिक शिल्प को नई ऊंचाइयों पर ले जाने की एक सराहनीय पहल साबित हो रहा है।