गुरुग्राम में बोले सुनील बंसल, एक राष्ट्र-एक चुनाव देश के विकास के लिए जरूरी

गुरुग्राम में शिक्षक समागम कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में भाजपा के राष्ट्रीय महामंत्री सुनील बंसल ने मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत की। उन्होंने अपने संबोधन में कहा कि एक राष्ट्र-एक चुनाव किसी राजनीतिक दल के फायदे या नुकसान का विषय नहीं है, बल्कि यह देश के विकास और लोकतांत्रिक व्यवस्था में सुधार का विषय है। उन्होंने शिक्षकों से इस विषय पर समाज के बीच जनचर्चा और जनजागरण का अभियान चलाने का आह्वान किया।
बार-बार चुनाव होने से देश पर आर्थिक बोझ बढ़ता है। सुनील बंसल ने कहा कि बार-बार चुनाव होने से विकास कार्य प्रभावित होते हैं और आचार संहिता के कारण नीतिगत निर्णयों पर भी असर पड़ता है। उन्होंने वर्ष 2024 के लोकसभा चुनाव में करीब 1.35 लाख करोड़ रुपये खर्च होने का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि विधानसभा, स्थानीय निकाय, राजनीतिक दलों और प्रत्याशियों के खर्च को जोड़ने पर चुनावी व्यवस्था का आर्थिक भार और बढ़ जाता है। लगातार चुनाव होने से प्रधानमंत्री, मुख्यमंत्री, राजनीतिक दलों और चुनाव ड्यूटी में लगे कर्मचारियों का समय बर्बाद होता है।
शिक्षक देश की भावी पीढ़ी का चरित्र निर्माण करते हैं। कार्यक्रम में भाजपा प्रदेशाध्यक्ष डॉ. अर्चना गुप्ता ने अति विशिष्ट अतिथि के रूप में भाग लिया। उन्होंने कहा कि शिक्षक केवल पाठ्यक्रम पढ़ाने वाले नहीं, बल्कि देश की भावी पीढ़ी के चरित्र, सोच और राष्ट्रभाव का निर्माण करने वाले हैं। उन्होंने शिक्षकों से विद्यार्थियों को भारत की मिट्टी, विरासत और राष्ट्र के प्रति जिम्मेदारी से जोड़ने का आह्वान किया।