6 राज्यों के 170 छात्रों ने किया दिल्ली विधानसभा का दौरा, लोकतांत्रिक बारीकियों को समझा

लोकतंत्र की कार्यप्रणाली को करीब से समझने के लिए शुक्रवार को 6 अलग-अलग राज्यों से आए 170 छात्रों का एक समूह दिल्ली विधानसभा परिसर पहुंचा। इस खास दौरे का उद्देश्य युवाओं को लोकतांत्रिक संस्थाओं से रूबरू कराना था, ताकि वे देश की शासन व्यवस्था और विधायी प्रक्रियाओं को बेहतर ढंग से समझ सकें।
यह पूरा आयोजन दिल्ली विधानसभा के स्पीकर विजेंद्र गुप्ता की मेजबानी में हुआ। दरअसल, स्पीकर गुप्ता पिछले कुछ समय से 'यूथ आउटरीच प्रोग्राम' (Youth Outreach Programme) चला रहे हैं, जिसके जरिए बड़ी संख्या में युवा नागरिकों को विधानसभा की कार्यप्रणाली से परिचित कराया जा रहा है। इस दौरान छात्रों को न केवल परिसर का भ्रमण कराया गया, बल्कि उन्हें संसदीय प्रक्रियाओं और विधानसभा के कामकाज के बारे में विस्तार से जानकारी भी दी गई।
'विकसित भारत' के निर्माण में युवाओं की भूमिका पर जोर
दौरे के दौरान छात्रों को विधानसभा के ऐतिहासिक दस्तावेजों और विशेष रूप से 'एक शताब्दी यात्रा' नामक स्मारक पुस्तक से परिचित कराया गया। स्पीकर विजेंद्र गुप्ता ने छात्रों को प्रेरित करते हुए कहा कि उन्हें सार्वजनिक मामलों में गहरी रुचि लेनी चाहिए और राष्ट्र निर्माण में अपना योगदान देना चाहिए। उन्होंने जोर दिया कि युवाओं की सक्रिय भागीदारी ही 'विकसित भारत' के सपने को साकार करने में मददगार साबित होगी।
इस कार्यक्रम के जरिए छात्रों को यह भी समझाया गया कि विधानसभा में निष्पक्ष बहस सुनिश्चित करने में स्पीकर की क्या भूमिका होती है और राज्य स्तर पर लोकतांत्रिक शासन कैसे काम करता है। गौरतलब है कि इस आउटरीच पहल के तहत हाल के दिनों में दिल्ली यूनिवर्सिटी के कई कॉलेजों, जैसे कि हिंदू कॉलेज, किरोड़ी मल कॉलेज और राजधानी कॉलेज के छात्र समूहों ने भी विधानसभा का दौरा किया है।