दिल्ली रैली के लिए जा रहे सपा कार्यकर्ताओं का गाजियाबाद बॉर्डर पर हंगामा, हाईवे पर किया प्रदर्शन
रामलीला मैदान रैली में जा रहे सपा कार्यकर्ताओं को गाजियाबाद बॉर्डर पर पुलिस ने रोका, जिसके बाद हाईवे पर हुआ जोरदार हंगामा।

दिल्ली के रामलीला मैदान में आयोजित 'वोट बचाओ, देश बचाओ' रैली में शामिल होने जा रहे समाजवादी पार्टी (सपा) के कार्यकर्ताओं और पुलिस के बीच गाजियाबाद बॉर्डर पर तीखी झड़प हो गई। इस घटना के बाद कार्यकर्ताओं ने राष्ट्रीय राजमार्ग-9 (NH-9) पर ही धरने पर बैठकर विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया, जिससे कुछ समय के लिए ट्रैफिक पूरी तरह बाधित हो गया।
जानकारी के मुताबिक, सपा महानगर अध्यक्ष वीरेंद्र यादव के नेतृत्व में करीब 50 कार्यकर्ता दिल्ली की ओर जा रहे थे। सुबह करीब 11:10 बजे जब यह काफिला यूपी गेट पहुंचा, तो पुलिस ने उन्हें रोक लिया। इसी बात को लेकर कार्यकर्ताओं और पुलिसकर्मियों के बीच धक्का-मुक्की और बहस शुरू हो गई। कार्यकर्ताओं का आरोप है कि राज्य सरकार तानाशाही कर रही है और उनके लोकतांत्रिक विरोध के अधिकार को दबाने की कोशिश की जा रही है।
प्रदूषण नियमों और सुरक्षा का हवाला
इस पूरे मामले पर ट्रांस-हिंडन के डीसीपी रिजुल ने स्पष्ट किया कि पुलिस का मकसद मार्च को रोकना नहीं था। उन्होंने बताया कि दिल्ली में सर्दियों के दौरान लागू प्रदूषण प्रतिबंधों और ग्रेडेड रिस्पांस एक्शन प्लान (GRAP) के नियमों का पालन सुनिश्चित करने के लिए यह रूटीन सुरक्षा जांच की जा रही थी। पुलिस यह देख रही थी कि दिल्ली में प्रवेश करने वाले वाहन नियमों के अनुरूप हैं या नहीं और ट्रैफिक मैनेजमेंट के लिए लोगों की गिनती की जा रही थी।
करीब 20 मिनट तक चले इस हाई वोल्टेज ड्रामे और हंगामे के बाद, वरिष्ठ अधिकारियों के हस्तक्षेप से मामला शांत हुआ। पुलिस ने कार्यकर्ताओं को आगे जाने की अनुमति दी, जिसके बाद सुबह 11:30 बजे तक रास्ता साफ हो गया और ट्रैफिक सामान्य तौर पर चलने लगा। बता दें कि यह रैली मतदाता सूचियों में कथित गड़बड़ियों के विरोध और मुख्य चुनाव आयुक्त के इस्तीफे की मांग को लेकर आयोजित की गई थी।