सुरक्षा पुख्ता करने के लिए साउथ जिला पुलिस ने शुरू की फुट पेट्रोलिंग
दिल्ली की साउथ जिला पुलिस ने सुरक्षा बढ़ाने और अपराध रोकने के लिए सड़कों पर फुट पेट्रोलिंग शुरू की है। जानें क्या है पूरा प्लान।

दिल्ली की सड़कों पर आम जनता को सुरक्षित महसूस कराने और अपराधियों के मन में खौफ पैदा करने के लिए साउथ जिला पुलिस फुट पेट्रोलिंग के अभियान में जुट गई है। 27 अक्टूबर 2026 को जिले के विभिन्न इलाकों में व्यापक स्तर पर यह गश्त की गई। इस मुहिम का मुख्य मकसद पुलिस की विजिबिलिटी बढ़ाना और आपराधिक गतिविधियों पर लगाम लगाना है, ताकि लोग बिना किसी डर के घूम सकें।
डीसीपी साउथ दिल्ली ने सोशल मीडिया हैंडल (@DCPSouthDelhi) के जरिए इस पहल की जानकारी साझा की। दरअसल, यह पूरी कवायद दिल्ली पुलिस के उस व्यापक ढांचे का हिस्सा है, जिसे जून 2026 में उपराज्यपाल तरणजीत सिंह संधू के निर्देशों और पुलिस कमिश्नर के कार्यान्वयन के बाद लागू किया गया था। इसके तहत जिला पुलिस और ट्रैफिक पुलिस के जवानों को मिलकर नियमित रूप से पैदल गश्त करनी होती है।
सख्ती से लागू होंगे नियम, अधिकारियों की होगी फील्ड ड्यूटी
नियमों के मुताबिक, यह फुट पेट्रोलिंग हर वीकेंड और हफ्ते में दो अन्य दिनों पर की जाएगी। विशेष रूप से शाम 5 बजे से रात 8 बजे के बीच का समय तय किया गया है, क्योंकि इस दौरान भीड़भाड़ अधिक होती है। इस अभियान के जरिए पुलिस न केवल सुरक्षा सुनिश्चित करेगी, बल्कि निम्नलिखित कार्यों पर भी जोर देगी:
- ट्रैफिक मैनेजमेंट को बेहतर बनाना और जाम की समस्या को दूर करना।
- आम जनता के साथ सीधा संवाद स्थापित करना।
- अवैध अतिक्रमण की पहचान कर उन्हें हटाना।
- गलत पार्किंग करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करना।
इस पूरी प्रक्रिया में पारदर्शिता और जवाबदेही बनाए रखने के लिए वरिष्ठ अधिकारियों की भूमिका अहम होगी। डीसीपी, एडिशनल डीसीपी और एसीपी जैसे बड़े अधिकारियों को खुद फील्ड में मौजूद रहना होगा। ड्यूटी की निगरानी के लिए रूट लॉग मेंटेन करना अनिवार्य है और हर हफ्ते फोटो व वीडियो सबूतों के साथ रिपोर्ट जमा करनी होगी, ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि ग्राउंड लेवल पर काम ईमानदारी से हो रहा है।