साउथ दिल्ली पुलिस की पहल: 24 अक्टूबर को सभी 15 थानों में होगी 'थाना दिवस जन सुनवाई'

दक्षिण जिला दिल्ली पुलिस 24 अक्टूबर को सभी 15 थानों में जन सुनवाई करेगी। अपनी शिकायतें दर्ज कराने और समाधान पाने के लिए सुबह 10 से 2 बजे तक पहुंचें।

Kittu Kumari23 October 20262 min read0 viewsDelhi Local
साउथ दिल्ली पुलिस की पहल: 24 अक्टूबर को सभी 15 थानों में होगी 'थाना दिवस जन सुनवाई'

अगर आप दक्षिण दिल्ली के निवासी हैं और अपनी किसी समस्या का समाधान चाहते हैं, तो यह मौका आपके लिए है। थाना दिवस जन सुनवाई के तहत दक्षिण जिला दिल्ली पुलिस आने वाले शनिवार, 24 अक्टूबर 2026 को एक विशेष कार्यक्रम आयोजित करने जा रही है। इस पहल का मकसद आम जनता और पुलिस के बीच की दूरी को कम करना और शिकायतों का त्वरित निपटारा करना है।

जिले के सभी 15 पुलिस स्टेशनों में यह जन सुनवाई सुबह 10:00 बजे से दोपहर 2:00 बजे तक चलेगी। नागरिक सीधे पुलिस अधिकारियों से मिल सकते हैं, अपनी शिकायतें पेश कर सकते हैं और अपनी समस्याओं का समाधान पा सकते हैं। यह कार्यक्रम पुलिस विभाग की जवाबदेही और जनसेवा की प्रतिबद्धता को दर्शाता है।

वरिष्ठ अधिकारियों की निगरानी में होगा समाधान

DelhiBreakings की हर खबर सबसे पहलेJoin Channel

इस मुहिम की शुरुआत जून 2026 में उपराज्यपाल तरनजीत सिंह संधू के निर्देशों के बाद की गई थी। वर्तमान में दिल्ली पुलिस चीफ अनुराग कुमार के नेतृत्व में यह कार्यक्रम चलाया जा रहा है। इसकी खास बात यह है कि इसमें केवल स्थानीय पुलिस ही नहीं, बल्कि स्पेशल कमिश्नर, जॉइंट सीपी, डीसीपी और एसीपी जैसे वरिष्ठ अधिकारी भी रोटेशन के आधार पर शामिल होते हैं, ताकि शिकायतों का प्रभावी ढंग से निपटारा हो सके।

इस व्यवस्था में थाना प्रभारियों (SHOs) और जिला नेतृत्व को इन सुनवाइयों के सफल कार्यान्वयन के लिए व्यक्तिगत रूप से जिम्मेदार ठहराया गया है। सुनवाई के दौरान आने वाली सभी शिकायतों को, चाहे वे पहले से पोर्टल पर दर्ज हों या नहीं, प्रोसेस किया जाता है और बाद में उन्हें ट्रैकिंग के लिए इंटीग्रेटेड कंप्लेंट मॉनिटरिंग सिस्टम (ICMS) पोर्टल पर अपलोड किया जाता है।

इस पहल के सकारात्मक परिणाम भी सामने आए हैं। आंकड़ों की बात करें तो 28 सितंबर 2026 को 2,809 और 18 अक्टूबर 2026 को 2,458 मामलों का समाधान किया गया। पुलिस थानों को निर्देश दिए गए हैं कि वे नागरिकों के लिए बैठने की उचित व्यवस्था और सहायता डेस्क सुनिश्चित करें, ताकि लोगों को किसी भी तरह की असुविधा न हो।

Share:

Comments

Leave a comment