साकेत कोर्ट ने पूर्व कानून मंत्री सोमनाथ भारती के खिलाफ भ्रष्टाचार की शिकायत खारिज की
साकेत कोर्ट ने पूर्व कानून मंत्री सोमनाथ भारती के खिलाफ भ्रष्टाचार की शिकायत को खारिज कर दिया है। जानिए क्या था पूरा मामला।

दिल्ली के पूर्व कानून मंत्री सोमनाथ भारती के लिए राहत की खबर आई है। साकेत जिला अदालत ने उनके और कुछ अन्य लोगों के खिलाफ दर्ज भ्रष्टाचार की एक शिकायत को यह कहते हुए खारिज कर दिया है कि यह याचिका सुनवाई योग्य (maintainable) नहीं है। शिकायतकर्ता ने भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम (PC Act) के तहत एफआईआर दर्ज करने की मांग की थी, जिसे अदालत ने नामंजद कर दिया।
यह मामला संजीव सैनी नामक व्यक्ति द्वारा दायर किया गया था। उन्होंने न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम श्रेणी (JMFC) भानु प्रताप सिंह की अदालत में आवेदन देकर सोमनाथ भारती और मालवीय नगर के एसएचओ सहित कुल 14 लोगों के खिलाफ मामला दर्ज करने की मांग की थी। अदालत ने स्पष्ट किया कि भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत शिकायतों पर सुनवाई करने का अधिकार क्षेत्र (jurisdiction) इस कोर्ट के पास नहीं है, इसलिए इस आवेदन को खारिज किया जाता है।
क्या था पूरा मामला और आरोप?
शिकायतकर्ता संजीव सैनी का आरोप था कि पूर्व विधायक सोमनाथ भारती और मालवीय नगर के एसएचओ की मिलीभगत से एक तालाब (झोड) की संपत्ति पर कंक्रीट की सड़क बनाई गई। आवेदन में दावा किया गया था कि यह सड़क पूर्व विधायक के निर्देशों और एसएचओ के संरक्षण में बनाई गई। शिकायत में यह भी आरोप लगाया गया था कि आरोपियों ने अपने प्रभाव का इस्तेमाल किया और इस काम के बदले रिश्वत ली।
सुनवाई के दौरान अदालत ने पाया कि शिकायतकर्ता के वकील यह स्पष्ट करने में असमर्थ रहे कि भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत यह आवेदन इस विशेष अदालत में कैसे स्वीकार्य हो सकता है। इसी कानूनी तकनीकी आधार पर अदालत ने याचिका को खारिज करते हुए मामले को समाप्त कर दिया।