वर्ल्ड स्माइल डे: स्माइल ट्रेन ने देशभर में शुरू किया 'स्माइल वॉल्स' कैंपेन

दुनिया भर में कटे होंठ और तालु (cleft care) के इलाज के लिए समर्पित सबसे बड़ी संस्था स्माइल ट्रेन ने 3 अक्टूबर 2026 को वर्ल्ड स्माइल डे के मौके पर एक अनोखी पहल की है। संस्था ने पूरे भारत में इंटरैक्टिव 'स्माइल वॉल्स' (Smile Walls) अभियान की शुरुआत की है, जिसका मकसद लोगों को खुशियों से जोड़ना और क्लेफ्ट कंडीशंस के प्रति जागरूकता बढ़ाना है।
इस मुहिम के तहत देश के 30 से अधिक राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के 150 से ज्यादा अस्पतालों में स्माइल वॉल्स लगाए गए हैं। यहाँ आम जनता को अपनी खुशी की वजहें साझा करने, संदेश लिखने और चित्र बनाने के लिए आमंत्रित किया गया है। यह पूरा अभियान वर्ल्ड स्माइल डे के संस्थापक हार्वे बॉल के उस मूल मंत्र पर आधारित है, जिसमें कहा गया है कि 'दया का एक कार्य करें और किसी एक व्यक्ति के चेहरे पर मुस्कान लाएं।'
दिल्ली की सड़कों पर उतरी 'स्माइल वॉल ऑन व्हील्स'
इस अभियान को और प्रभावी बनाने के लिए दिल्ली में एक खास 'स्माइल वॉल ऑन व्हील्स' चलाई जा रही है। यह मोबाइल वॉल दिल्ली के विभिन्न सार्वजनिक स्थानों और शिक्षण संस्थानों का दौरा कर रही है, जिसमें दिल्ली यूनिवर्सिटी के नॉर्थ कैंपस जैसे प्रमुख कैंपस भी शामिल हैं। लोग न केवल जमीनी स्तर पर, बल्कि सोशल मीडिया पर भी #SmileWall2026 और #WorldSmileDay जैसे हैशटैग के जरिए इस मुहिम का हिस्सा बन रहे हैं।
स्माइल ट्रेन की सीनियर वाइस प्रेसिडेंट और एशिया की रीजनल डायरेक्टर ममता कैरोल ने बताया कि यह कैंपेन समुदायों को एकजुट करने और क्लेफ्ट केयर से जुड़ी बातचीत को सामान्य बनाने का एक जरूरी मंच प्रदान करता है। यह पहल हाल ही में आयोजित 'क्लेफ्ट कॉन इंडिया 2026' की चर्चाओं का विस्तार है, जहाँ सीईओ सुज़ाना शेफर ने मुफ्त और गुणवत्तापूर्ण इलाज प्रदान करने की प्रतिबद्धता दोहराई थी।
संस्था की इस कोशिश को BPCL MAK लुब्रिकेंट्स, डेंटस्प्लाइ सिरोना और अमेज़न वेब सर्विसेज (AWS) जैसे पार्टनर्स का समर्थन मिल रहा है। खास बात यह है कि AWS ने 2025 इमेजिन ग्रांट के जरिए क्लिनिकल परिणामों को बेहतर बनाने के लिए AI (आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस) के इस्तेमाल में मदद की है। 'व्हाट मेक्स यू स्माइल?' कैंपेन का यह दूसरा साल है, जो वैश्विक स्तर पर जागरूकता फैलाने की दीर्घकालिक रणनीति का हिस्सा है।