आसियान समिट से पहले एक्शन में अमेरिकी राजदूत, वियतनाम और जर्मनी के दूतों के साथ की अहम बैठक
अमेरिका के राजदूत सर्जियो गोर ने आसियान समिट से पहले वियतनाम और जर्मनी के राजदूतों के साथ महत्वपूर्ण बैठक की।

नई दिल्ली में तैनात अमेरिका के राजदूत सर्जियो गोर इन दिनों काफी सक्रिय नजर आ रहे हैं। मनीला में होने वाले 49वें आसियान (ASEAN) शिखर सम्मेलन से पहले उन्होंने कूटनीतिक स्तर पर अपनी तैयारी तेज कर दी है। इसी सिलसिले में गुरुवार को सर्जियो गोर ने भारत में वियतनाम के नवनियुक्त राजदूत ट्रिन्ह मिन्ह मान के साथ एक महत्वपूर्ण मुलाकात की।
इस मुलाकात की जानकारी खुद सर्जियो गोर ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर साझा की। उन्होंने बताया कि वियतनाम के राजदूत के साथ उनकी चर्चा काफी सकारात्मक रही। गौरतलब है कि वियतनाम आसियान के 11 सदस्य देशों में से एक है, इसलिए इस बैठक को आगामी क्षेत्रीय शिखर सम्मेलन के नजरिए से काफी अहम माना जा रहा है। बता दें कि राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने 25 सितंबर को राष्ट्रपति भवन में ट्रिन्ह मिन्ह मान की नियुक्ति संबंधी औपचारिकताओं को स्वीकार किया था।
जर्मनी के राजदूत से भी की चर्चा, मनीला में जुटेगा दुनिया का नेतृत्व
केवल वियतनाम ही नहीं, बल्कि सर्जियो गोर ने उसी दिन जर्मनी के राजदूत जैस्पर विक से भी मुलाकात की। इस बैठक के दौरान अमेरिका और जर्मनी के बीच द्विपक्षीय संबंधों और आपसी साझेदारी को और मजबूत करने पर चर्चा हुई। गोर ने अपनी पोस्ट में लिखा कि नई दिल्ली वापस आकर उन्हें खुशी है और जर्मनी के साथ उनकी यह बैठक काफी उत्पादक रही।
ये सभी गतिविधियां नवंबर के मध्य में फिलीपींस की राजधानी मनीला में होने वाले 49वें आसियान समिट की तैयारी का हिस्सा हैं, जो 16 से 18 नवंबर तक चलेगा। इस बड़े आयोजन में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंटोनियो गुटेरेस के शामिल होने की पूरी उम्मीद है। इसके अलावा, आसियान के सभी 10 देशों के नेताओं के साथ-साथ 'आसियान प्लस थ्री' और 'ईस्ट एशिया समिट' के सदस्य देशों के प्रतिनिधियों के भी जुटने की संभावना है।
इतना ही नहीं, इस समिट के इतर अगले महीने मनीला में 'क्वाड लीडर्स समिट' के आयोजन की भी तैयारी चल रही है। अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रूबियो ने पहले ही इस बैठक की घोषणा कर दी है, जिससे यह साफ है कि आने वाले दिनों में मनीला वैश्विक राजनीति का केंद्र बनने वाला है।