सत्येंद्र जैन और 5 अन्य DJB भ्रष्टाचार मामले में गिरफ्तार, जानें पूरा मामला

दिल्ली सरकार की Anti-Corruption Branch (ACB) ने दिल्ली जल बोर्ड (DJB) के Sewage Treatment Plant (STP) टेंडर घोटाले में पूर्व मंत्री सत्येंद्र जैन और पांच अन्य लोगों को गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई दिल्ली सरकार के Directorate of Vigilance की शिकायत पर दर्ज FIR नंबर 10/2024 (तारीख 11 मई 2024) के तहत Prevention of Corruption Act और IPC की धाराओं 420, 409, 418 और 120-B के तहत की गई है। इस मामले में गिरफ्तारी के बाद आगे की कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
- सत्येंद्र जैन समेत कुल 6 लोग गिरफ्तार किए गए हैं।
- मामला Delhi Jal Board (DJB) के STP टेंडर घोटाले से जुड़ा है।
- ACB ने 19 अगस्त 2026 को आरोपियों को Rouse Avenue Court में पेश किया।
- मामले में लगभग 1.52 करोड़ रुपये का मनी ट्रेल मिला है।
- ACB के अनुसार टेंडर की शर्तों में हेरफेर किया गया था।
किन लोगों की हुई है गिरफ्तारी और कोर्ट का आदेश
सत्येंद्र जैन के अलावा गिरफ्तार किए गए अन्य लोगों में पूर्व DJB CEO और IAS अधिकारी उदय प्रकाश राय, पूर्व DJB कॉन्ट्रैक्टुअल एडवाइजर अंकित श्रीवास्तव, AN Enterprises के मालिक नागेंद्र यादव, Eurotech Environment Pvt Ltd के मालिक राजा कुमार कुर्रा और Srijanhar के मालिक पंकज वर्मा शामिल हैं। 19 अगस्त 2026 को सत्येंद्र जैन और चार अन्य लोगों को Rouse Avenue Court में पेश किया गया, जहां से उन्हें 14 दिन की judicial custody में भेज दिया गया। वहीं, अंकित श्रीवास्तव को पूछताछ के लिए दो दिन की police custody में भेजा गया है और इस मामले में bail plea दाखिल की गई है जिसकी सुनवाई 25 अगस्त को तय है।
टेंडर में हेरफेर और मनी ट्रेल के आरोप
ACB का आरोप है कि Eurotech Environment Pvt Ltd को फायदा पहुंचाने के लिए technical tender शर्तों में बदलाव किया गया था, जिसमें waste treatment standards को हटाना और mandatory pilot studies को छोड़ना शामिल था। जांचकर्ताओं के मुताबिक Eurotech से जुड़ी एंटिटी से AN Enterprises और वहां से सरकारी अधिकारियों जैसे उदय प्रकाश राय व उनके रिश्तेदारों के बैंक खातों में लगभग 1.52 करोड़ रुपये की रिश्वत ट्रांसफर होने का मनी ट्रेल मिला है। इलेक्ट्रॉनिक सबूतों और emails से यह भी पता चला है कि टेंडर के दस्तावेज पहले ही शेयर कर दिए गए थे।
मंत्री के रूप में भूमिका और आधिकारिक रिकॉर्ड
ACB के अनुसार सत्येंद्र जैन ने water minister के रूप में technical bidding प्रक्रिया की देखरेख की थी और दिसंबर 2021 में इस specific technology को मंजूरी दी थी। सत्येंद्र जैन, श्रीवास्तव और राय की बैठकों में Fixed Media IFAS technology की शर्तों को अंतिम रूप दिया गया था। official records बताते हैं कि टेंडर से जुड़े ये अहम फैसले अक्टूबर और दिसंबर 2021 के बीच लिए गए थे, जो कि मई 2022 में सत्येंद्र जैन की Enforcement Directorate द्वारा अलग से हुई गिरफ्तारी से पहले के हैं। हालांकि Aam Aadmi Party (AAP) और Chief Minister Arvind Kejriwal ने इन आरोपों को politically motivated और fabricated बताया है और कहा है कि ये कथित अनियमितताएं अक्टूबर 2022 के बाद हुईं जब जैन जेल में थे।