सत्य निकेतन इमारत ढहने का मामला: दिल्ली कोर्ट ने हरि राम गुप्ता की जमानत याचिका पर मेडिकल रिपोर्ट मांगी

सत्य निकेतन इमारत ढहने का मामला: दिल्ली की पटियाला हाउस कोर्ट ने हरि राम गुप्ता की नियमित जमानत याचिका पर जेल अधिकारियों से मेडिकल रिपोर्ट तलब की है। हरि राम गुप्ता की उम्र और स्वास्थ्य स्थिति का हवाला देते हुए उनके वकील ने जमानत की मांग की है। अदालत ने इस मामले की अगली सुनवाई के लिए 30 सितंबर की तारीख तय की है। इससे पहले 18 सितंबर को अदालत ने उनकी जमानत अर्जी खारिज कर दी थी।
हादसे की भयावहता और शुरुआती जांच: यह पूरा मामला 6 सितंबर को सत्य निकेतन में एक इमारत ढहने से जुड़ा है। इस हादसे में 7 लोगों की मौत हो गई थी और कई अन्य घायल हो गए थे। अदालत ने कहा था कि इस हादसे में एक पीड़ित की हालत अभी भी गंभीर बनी हुई है। अदालत ने स्पष्ट किया था कि जांच अभी शुरुआती चरण में है और चार्जशीट दाखिल किया जाना बाकी है।
आरोपी की भूमिका और अदालत की दलीलें: आरोपी हरि राम गुप्ता ढही हुई इमारत की मालकिन उर्मिला गुप्ता के पति हैं। परिसर के बिजली कनेक्शन उनके नाम पर हैं और अब तक पूछताछ किए गए गवाहों ने साइट पर उनके काम में शामिल होने की बात कही है। आरोपी के वकील ने दलील दी है कि वह 82 वर्ष के हैं और टाइप-2 डायबिटीज सहित अन्य बीमारियों से पीड़ित हैं।