रोहिणी में सुरक्षा कड़ी: सड़कों और पार्कों में उतरे दिल्ली पुलिस के अफसर
दिल्ली पुलिस ने रोहिणी जिले में सुरक्षा बढ़ाने के लिए फुट पेट्रोलिंग और पार्कों की जांच तेज की है। जानें क्या है यह नई रणनीति।

राजधानी के रोहिणी जिले में अब पुलिस की मौजूदगी पहले से कहीं ज्यादा नजर आएगी। आम जनता की सुरक्षा सुनिश्चित करने और अपराधों पर लगाम लगाने के लिए दिल्ली पुलिस ने यहाँ रोहिणी जिला फुट पेट्रोलिंग और पार्कों की सघन जांच का अभियान तेज कर दिया है। इस पहल का मुख्य उद्देश्य न केवल कानून-व्यवस्था को बनाए रखना है, बल्कि स्थानीय निवासियों के बीच सुरक्षा की भावना को मजबूत करना भी है।
दरअसल, यह पूरी कवायद दिल्ली पुलिस द्वारा जून 2026 में लागू की गई एक अनिवार्य नीति का हिस्सा है। इस निर्देश के मुताबिक, जिला और ट्रैफिक डीसीपी (DCP) के लिए अब यह जरूरी है कि वे हर शनिवार और रविवार के साथ-साथ हफ्ते में दो अन्य कार्यदिवसों पर संयुक्त फुट पेट्रोलिंग करें। ये गश्त मुख्य रूप से शाम 5:00 बजे से रात 8:00 बजे के बीच की जाती है, जिसे अब नियमित प्रशासनिक काम के बजाय अनिवार्य फील्ड ड्यूटी माना गया है।
जनता से सीधा संवाद और अतिक्रमण पर वार
पुलिस कमिश्नर के निर्देश और दिल्ली के उपराज्यपाल कार्यालय की निगरानी में चलाए जा रहे इस अभियान का मकसद पुलिस की विजिबिलिटी बढ़ाना है। फुट पेट्रोलिंग के जरिए पुलिस न केवल ट्रैफिक जाम की समस्याओं को सुलझा रही है, बल्कि सड़कों पर होने वाले अवैध अतिक्रमण को भी हटाने में जुटी है।
इस मुहिम को और प्रभावी बनाने के लिए पुलिस बल स्थानीय रेजिडेंट वेलफेयर एसोसिएशन (RWAs) और मार्केट वेलफेयर एसोसिएशन (MWAs) के साथ मिलकर काम कर रहा है। इससे पुलिस को इलाकों की विशिष्ट समस्याओं को समझने और उन्हें तुरंत हल करने में मदद मिल रही है, जिससे आम नागरिक और पुलिस के बीच सीधा संवाद स्थापित हो रहा है।