ACP मानस्वी वशिष्ठ सस्पेंड: रोहिणी कोर्ट बार एसोसिएशन ने वापस लिया काम बंद का आह्वान, अब सामान्य रूप से चलेगा काम
दिल्ली पुलिस के ACP मानस्वी वशिष्ठ के निलंबन के बाद रोहिणी कोर्ट बार एसोसिएशन ने अपनी हड़ताल खत्म कर दी है। अब कोर्ट में काम सामान्य रहेगा।

दिल्ली के रोहिणी कोर्ट में वकीलों द्वारा किया गया काम बंद का आह्वान अब वापस ले लिया गया है। यह फैसला दिल्ली पुलिस के ACP मानस्वी वशिष्ठ के निलंबन के बाद लिया गया है। रोहिणी कोर्ट बार एसोसिएशन ने मंगलवार को एक जरूरी नोटिस जारी कर अपने सभी सदस्यों को सूचित किया कि सक्षम अधिकारियों ने ACP वशिष्ठ को सस्पेंड कर दिया है। पुलिस प्रशासन द्वारा की गई इस कार्रवाई से संतुष्ट होकर एसोसिएशन की कार्यकारिणी समिति ने विरोध प्रदर्शन खत्म करने और तत्काल प्रभाव से काम पर लौटने का निर्णय लिया है।
एसोसिएशन के मानद सचिव एडवोकेट प्रदीप खत्री द्वारा जारी नोटिस में कहा गया है कि अब कोर्ट की सभी कार्यवाही सामान्य रूप से चलेगी और सभी वकील अपने नियमित न्यायिक कार्यों को फिर से शुरू करें। दरअसल, यह पूरा विवाद तब शुरू हुआ जब ACP मानस्वी वशिष्ठ पुलिस मुख्यालय के बाहर दो अधिकारियों के तबादले के खिलाफ हो रहे विरोध प्रदर्शन में शामिल हुए थे।
वकीलों के अपमान और धमकी का था मामला
इस विवाद की जड़ें अक्टूबर के अंत में जुड़ी हैं। बताया जा रहा है कि 23 अक्टूबर को कुछ वकील शाहदरा पुलिस स्टेशन गए थे, जहां ACP और SHO ने उन्हें आरोपियों की गिरफ्तारी का भरोसा दिया था। लेकिन जब वकीलों को पता चला कि आरोपियों को छोड़ दिया गया है, तो उन्होंने जवाबदेही मांगी। आरोप है कि इसी दौरान ACP मानस्वी वशिष्ठ ने वहां मौजूद वकीलों को धमकाया और उनके साथ अभद्र व्यवहार किया।
इस घटना के बाद रोहिणी कोर्ट और राउज एवेन्यू कोर्ट बार एसोसिएशन सहित कई कानूनी संगठनों ने पुलिस कमिश्नर से संपर्क कर ACP वशिष्ठ के निलंबन की मांग की थी। वकीलों का कहना था कि कानूनी बिरादरी के सम्मान के साथ खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
एसोसिएशन ने अपने नोटिस में सदस्यों की एकजुटता और सहयोग की सराहना की है। साथ ही यह स्पष्ट किया है कि वे भविष्य में भी अपने सदस्यों के सम्मान, गरिमा और कल्याण के लिए मजबूती से खड़े रहेंगे और जब भी कानूनी बिरादरी के हितों से समझौता होगा, वे जवाबदेही तय कराएंगे।