"और मजबूत होकर उभरेंगे": बेटे रायहन के लिए रॉबर्ट वाड्रा ने लिखा भावुक संदेश
बीकानेर हाउस में तस्वीरों को हटाए जाने के विवाद के बीच रॉबर्ट वाड्रा ने बेटे रायहन राजीव वाड्रा के प्रति अपना समर्थन जताया।

दिल्ली के बीकानेर हाउस में अपनी तस्वीरों की प्रदर्शनी को लेकर विवादों में घिरे रायहन राजीव वाड्रा के लिए उनके पिता रॉबर्ट वाड्रा ने सोशल मीडिया पर एक बेहद भावुक और उत्साहजनक संदेश साझा किया है। रॉबर्ट वाड्रा ने अपने बेटे की मेहनत और जुनून की तारीफ करते हुए कहा कि जीवन की चुनौतियां इंसान को और अधिक परिपक्व बनाती हैं।
फेसबुक पर 'वंदे मातरम' की धुन के साथ एक पोस्ट साझा करते हुए रॉबर्ट वाड्रा ने लिखा, "वह देखिए!! अपने काम में पूरी तरह समर्पित, अपने व्यवसाय पर ध्यान केंद्रित कर रहे हैं और सभी की भावनाओं का सम्मान कर रहे हैं।" उन्होंने यह भी स्वीकार किया कि रायहन को अपने सफर में कई बाधाओं का सामना करना पड़ा है, लेकिन उन्होंने इसे जीवन का एक हिस्सा बताया। उन्होंने आगे लिखा कि हर चुनौती एक सबक होती है और हर बाधा मजबूत बनने का एक अवसर देती है।
रॉबर्ट वाड्रा ने अपने बेटे के प्रति अटूट विश्वास जताते हुए प्रार्थना की कि वह हर अनुभव के साथ और अधिक बुद्धिमान और सशक्त होकर उभरेंगे। उन्होंने रायहन को आगे बढ़ने के लिए साहस और शक्ति की कामना की है।
क्या है पूरा विवाद?
दरअसल, प्रियंका गांधी वाड्रा के बेटे रायहन राजीव वाड्रा ने बीकानेर हाउस में "नो आइडिया इज फाइनल" नाम से अपनी सोलो फोटोग्राफी प्रदर्शनी लगाई थी। इसमें दिल्ली के युवा आंदोलनों और नागरिक विरोध प्रदर्शनों की 105 तस्वीरें प्रदर्शित की जानी थीं। हालांकि, प्रदर्शनी शुरू होने से ठीक पहले बीकानेर हाउस प्रशासन (जो राजस्थान सरकार के अधीन है) ने राजनीतिक सामग्री न होने की नीति का हवाला देते हुए 75 तस्वीरों को हटाने का निर्देश दिया।
इस कार्रवाई के बाद राजनीतिक माहौल गरमा गया है। कांग्रेस नेता पवन खेड़ा ने इसे सरकार का दोहरा मापदंड बताते हुए आरोप लगाया कि बीकानेर हाउस में पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और महात्मा गांधी की राजनीतिक तस्वीरें लगाई जा चुकी हैं, तो फिर अब विरोध प्रदर्शनों की तस्वीरों को रोकना सेंसरशिप है। प्रियंका गांधी ने भी इस कदम की आलोचना करते हुए इसे युवाओं की आवाज दबाने की कोशिश करार दिया है।
दूसरी ओर, भाजपा ने इस फैसले का समर्थन करते हुए कहा कि सरकारी सांस्कृतिक स्थलों के अपने नियम होते हैं, जिनमें राजनीतिक सामग्री पर रोक है और प्रशासन ने केवल नियमों का पालन किया है। रायहन वाड्रा ने बताया कि पूरी प्रदर्शनी रद्द होने के डर से उन्होंने दबाव में आकर तस्वीरें हटा लीं, लेकिन वे जल्द ही दिल्ली के किसी अन्य स्थान पर अपनी पूरी और बिना कटी हुई सीरीज प्रदर्शित करेंगे।