दिल्ली सचिवालय में सजी भगवान राम की कला प्रदर्शनी, चित्रों के जरिए दिखे प्रभु राम के आदर्श

दिल्ली सचिवालय में इन दिनों आस्था और कला का एक अनूठा संगम देखने को मिल रहा है। यहाँ दिल्ली सचिवालय राम प्रदर्शनी का आयोजन किया गया है, जिसका शीर्षक 'मनुष्यता के पथ प्रदर्शक श्रीराम' रखा गया है। इस प्रदर्शनी के माध्यम से भगवान राम के जीवन, उनके आदर्शों और मानवीय मूल्यों को चित्रों के जरिए आम जनता के सामने पेश किया गया है। यह खास आयोजन दिल्ली सरकार के कला, संस्कृति और भाषा विभाग द्वारा मेघवर्ध आर्ट गैलरी के सहयोग से किया गया है।
इस प्रदर्शनी की सबसे खास बात यह है कि इसमें शामिल पेंटिंग्स देश के अलग-अलग राज्यों के कलाकारों ने तैयार की हैं। कला, संस्कृति और भाषा मंत्री कपिल मिश्रा ने बताया कि ये वही कलाकृतियां हैं जिन्हें पहले श्री राम जन्मभूमि स्थल पर प्रदर्शित किया गया था। उन्होंने कहा कि यह प्रदर्शनी लोगों को भारतीय संस्कृति और प्रभु राम के गुणों से जुड़ने का एक शानदार मौका दे रही है।
संस्कृति और विरासत का संगम
कार्यक्रम के दौरान रेखा गुप्ता ने सभी सहभागी कलाकारों को बधाई दी और उनके रचनात्मक योगदान की सराहना की। उन्होंने कहा कि कलाकारों ने जिस तरह से भगवान राम के जीवन को कैनवस पर उतारा है, वह भारतीय आध्यात्मिक विरासत को बढ़ावा देने वाला है। साथ ही, दुर्गा नवमी के अवसर पर उन्होंने सभी के लिए सुख और समृद्धि की कामना भी की।
मंत्री कपिल मिश्रा ने जोर देते हुए कहा कि यह पूरा कार्यक्रम भगवान राम के भक्तों द्वारा समर्पित किया गया है। उनके अनुसार, धार्मिक परंपराओं और आस्था का सम्मान करना जरूरी है। उन्होंने कहा कि प्रभु राम द्वारा दिखाए गए आदर्श, गरिमा और राष्ट्रीय कर्तव्य भारतीय संस्कृति की गौरवशाली परंपरा का हिस्सा हैं, जो आने वाली पीढ़ियों को मानवीय मूल्यों और अपनी विरासत से जोड़ने में मदद करेंगे।
अगर आप भी प्रभु राम के जीवन के विभिन्न प्रसंगों को कला के नजरिए से देखना चाहते हैं, तो यह प्रदर्शनी 30 अक्टूबर तक जनता के लिए खुली रहेगी।