महिला सुरक्षा के लिए सड़क पर उतरीं छात्राएं, प्रियंका गांधी ने कहा- 'हम सबको साथ खड़ा होना होगा'

दिल्ली यूनिवर्सिटी की छात्राओं द्वारा महिलाओं के खिलाफ बढ़ती हिंसा के खिलाफ किए जा रहे प्रदर्शनों को कांग्रेस नेता प्रियंका गांधी वाड्रा ने पूरा समर्थन दिया है। आस्था कुंज पार्क में एक 17 वर्षीय किशोरी के साथ हुए कथित सामूहिक दुष्कर्म के बाद दिल्ली यूनिवर्सिटी के विभिन्न कॉलेजों की छात्राओं ने सड़कों पर उतरकर अपना गुस्सा जाहिर किया है। प्रियंका गांधी ने इन छात्राओं के साहस की सराहना करते हुए इसे एक व्यापक लड़ाई बताया है।
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर अपनी प्रतिक्रिया साझा करते हुए वायनाड सांसद ने लेडी श्री राम कॉलेज (LSR) और अन्य कॉलेजों की लड़कियों पर गर्व जताया। उन्होंने सवाल उठाया कि आखिर महिलाओं को डर के साये में क्यों जीना चाहिए और क्यों उन्हें अन्याय सहना पड़ता है। उन्होंने जोर देकर कहा कि हमलावरों की जवाबदेही तय होनी चाहिए और यह लड़ाई हर महिला की है, इसलिए सभी को एकजुट होकर अपनी आवाज उठानी चाहिए।
सुरक्षा ऑडिट और पुलिस की सख्ती
छात्राओं के भारी विरोध प्रदर्शन के बाद प्रशासन हरकत में आया है। दिल्ली विकास प्राधिकरण (DDA) और नगर निगम (MCD) ने अब शहर के सभी सार्वजनिक पार्कों का व्यापक सुरक्षा ऑडिट शुरू कर दिया है। इसके तहत पार्कों में पर्याप्त लाइटिंग लगाने, सभी प्रवेश और निकास द्वारों पर सुरक्षाकर्मियों की तैनाती और सूर्यास्त के बाद अनिवार्य गश्त सुनिश्चित करने पर ध्यान दिया जा रहा है। दिल्ली पुलिस ने भी शहर और पार्कों में अपनी पेट्रोलिंग बढ़ा दी है।
इस मामले में पुलिस ने अब तक तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जो हरियाणा के फरीदाबाद के रहने वाले हैं। इनमें से एक आरोपी कानून की पढ़ाई कर रहा है, जबकि एक को पुलिस मुठभेड़ के बाद पकड़ा गया।
इस मुद्दे पर राजनीतिक सरगर्मियां भी तेज हैं। राहुल गांधी ने भी इन प्रदर्शनों का समर्थन करते हुए सरकार की नीतियों की आलोचना की और कहा कि महिलाओं को उनके साथ हुए अपराधों के लिए दंडित करना बंद किया जाना चाहिए। वहीं, पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने ऑनलाइन क्लास और शाम को बाहर न निकलने जैसी पाबंदियों पर सवाल उठाए और कहा कि केवल लड़कियों पर ही पाबंदियां क्यों लगाई जा रही हैं।