राष्ट्रपति भवन में स्विस राष्ट्रपति के लिए खास डिनर, मेन्यू में रहा पहाड़ी व्यंजनों का तड़का

Kittu Kumari6 October 20262 min read0 viewsDelhi Local
राष्ट्रपति भवन में स्विस राष्ट्रपति के लिए खास डिनर, मेन्यू में रहा पहाड़ी व्यंजनों का तड़का

राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने सोमवार, 5 अक्टूबर 2026 को राष्ट्रपति भवन में स्विट्जरलैंड के राष्ट्रपति गाइ परमेलिन और प्रथम महिला कैरोलिन परमेलिन के सम्मान में एक विशेष रात्रिभोज का आयोजन किया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के निमंत्रण पर राष्ट्रपति परमेलिन वर्तमान में तीन दिवसीय भारत यात्रा पर हैं। इस अवसर पर राष्ट्रपति मुर्मु ने भारत और स्विट्जरलैंड के बीच गहरे और मैत्रीपूर्ण संबंधों पर जोर दिया, जो लोकतांत्रिक मूल्यों और कानून के शासन पर आधारित हैं।

बातचीत के दौरान राष्ट्रपति मुर्मु ने कहा कि स्विट्जरलैंड भारत के लिए एक महत्वपूर्ण व्यापारिक और निवेश भागीदार है। उन्होंने विशेष रूप से भारत-यूरोपीय मुक्त व्यापार संघ (EFTA) के बीच हुए समझौते का जिक्र किया, जिससे आर्थिक संभावनाओं के नए रास्ते खुले हैं। राष्ट्रपति ने स्विस कंपनियों को भारत के उभरते क्षेत्रों, जैसे क्लीन और ग्रीन टेक्नोलॉजी और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) में निवेश बढ़ाने के लिए प्रोत्साहित किया।

पहाड़ी जायके से सजी डिनर की थाली

DelhiBreakings की हर खबर सबसे पहलेJoin Channel

इस राजकीय भोज की सबसे खास बात इसका मेन्यू था, जिसे जम्मू-कश्मीर और लद्दाख की समृद्ध पाक परंपराओं को दर्शाने के लिए तैयार किया गया था। मेहमानों को पहाड़ों के संसाधनों से बने खास व्यंजनों का स्वाद चखाया गया:

  • शुरुआत: लद्दाख का 'जा थुक' (जंगली नेटल सूप, भुने हुए बाजरा और सर्दियों की मटर के साथ) और 'लाबो-ना त्सोनमा' सलाद, जिसमें लद्दाखी छुरपी, जम्मू कलारी, सी बकथॉर्न, अखरोट और जंगली केपर्स का इस्तेमाल किया गया था।
  • मुख्य कोर्स: कश्मीर का मशहूर 'कन्ना गुच्छ पुलाव', नादुरु कबाब, चमन कलिया, हाख और फयमेर जैसे पारंपरिक व्यंजन परोसे गए।
  • मिठाई और पेय: भोजन का समापन पारंपरिक 'गुर-गुर' चाय और कहवा के साथ हुआ, साथ ही जम्मू की विविध खाद्य परंपराओं को दर्शाने वाली मिठाइयाँ दी गईं।

यह राजकीय यात्रा दोनों देशों के बीच मोबिलिटी, रिसर्च और टेक्नोलॉजी के क्षेत्र में सहयोग बढ़ाने का एक बड़ा मंच है। राष्ट्रपति गाइ परमेलिन 7 अक्टूबर को दूसरे भारत-EFTA समृद्धि शिखर सम्मेलन में भी हिस्सा लेंगे, जो दोनों देशों के बीच व्यापार समझौते की पहली वर्षगांठ का प्रतीक होगा।

Share:

Comments

Leave a comment