ओजोन फार्मास्युटicals ने डॉक्टरों की सुरक्षा और कानूनी मदद के लिए 'ओजोन शील्ड' पहल की शुरू

बुधवार को ओजोन फार्मास्युटिकल्स लिमिटेड ने डॉक्टरों के लिए 'ओजोन शील्ड' नाम से एक नई पहल शुरू की है। इस कार्यक्रम का उद्देश्य देश भर के डॉक्टरों को आपातकालीन सुरक्षा सहायता, कानूनी सहायता और भावनात्मक परामर्श प्रदान करना है। यह कार्यक्रम डॉक्टरों के सामने आने वाली हिंसा, धमकियों, उत्पीड़न और कानूनी विवादों की बढ़ती घटनाओं को संबोधित करता है और शुरुआत में अन्य जातियों के विस्तार से पहले स्त्री रोग विशेषज्ञों पर ध्यान केंद्रित कर रहा है।
इस पहल का उद्घाटन पुडुचेरी की पूर्व उपराज्यपाल डॉ. किरण बेदी ने नई दिल्ली के इंडिया इंटरनेशनल सेंटर में एक कार्यक्रम के दौरान किया। इस कार्यक्रम में ओजोन फार्मास्युटिकल्स के संस्थापक और प्रबंध निदेशक सुभाष सहगल, सीईओ अनिल कोथियाल, वरिष्ठ अधिकारी राकेश राठी, महाप्रबंधक विशाल भारद्वाज और क्षेत्रीय टीम के सदस्य शामिल हुए। इस दौरान कई प्रमुख चिकित्सा पेशेवर भी मौजूद रहे।
'प्रोटेक्टिंग द प्रोटेक्टर्स' नाम से एक पैनल चर्चा में डॉक्टरों ने कार्यस्थल की सुरक्षा और अन्य मुद्दों पर विचार साझा किए। सुभाष सहगल ने कहा कि फार्मास्युटिकल उद्योग का यह नैतिक दायित्व है कि वह हिंसा या अनावश्यक कानूनी विवादों का सामना कर रहे डॉक्टरों के साथ खड़ा हो। अनिल कोथियाल ने डॉक्टरों की तुलना सैनिकों से करते हुए कहा कि समाज की भलाई के लिए उनकी सुरक्षा आवश्यक है।
ओजोन फार्मास्युटicals ने एक राष्ट्रव्यापी सर्वेक्षण का हवाला दिया जिसमें 1,500 से अधिक स्वास्थ्य सेवाकर्मी शामिल थे। सर्वेक्षण में पाया गया कि 78.4 प्रतिशत डॉक्टरों को ड्यूटी के दौरान धमकियां मिली थीं और 58.2 प्रतिशत डॉक्टरों ने अपने कार्यस्थल पर असुरक्षित महसूस किया था। 'ओजोन शील्ड' के माध्यम से डॉक्टर समर्पित व्हाट्सएप चैटबॉट के जरिए आपातकालीन सुरक्षा, मेडिको-लेगल सहायता और पेशेवर परामर्श प्राप्त कर सकते हैं।