'stolen mandate' पर नेहा बोरा का हमला, कहा- आम जनता अब चुप नहीं बैठेगी

ऑल इंडिया स्टूडेंट्स एसोसिएशन (AISA) की अध्यक्ष नेहा बोरा ने केंद्र की भाजपा सरकार और चुनाव आयोग पर तीखा हमला बोला है। मंगलवार को नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी द्वारा आयोजित हाई-टी कार्यक्रम के बाद एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में उन्होंने कहा कि देश की आम जनता अब लोकतंत्र के साथ किसी भी तरह के समझौते को बर्दाश्त नहीं करेगी।
नेहा बोरा ने भाजपा को देश की जनता और लोकतंत्र का सबसे बड़ा दुश्मन करार दिया। उन्होंने कड़े शब्दों में कहा कि जब हम 'जनता बनाम भाजपा' की बात करते हैं, तो यह एक ऐसी लड़ाई है जिसमें दुश्मन सिर्फ एक है—वह है भाजपा। उनके मुताबिक, भाजपा न केवल भारतीय लोकतंत्र बल्कि संविधान की बुनियाद पर भी हमला कर रही है। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर सरकार को लगता है कि वह लोगों के वोट देने और विरोध करने के अधिकारों को छीनकर उन्हें खामोश कर देगी, तो वह बड़ी गलतफहमी में है।
चुनाव आयोग और CEC पर लगाए गंभीर आरोप
प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान नेहा बोरा ने चुनाव आयोग और मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार पर भी सीधा हमला किया। उन्होंने आरोप लगाया कि चुनाव आयोग ने जिस तरह की प्रक्रिया अपनाई है, वह लोकतंत्र के साथ विश्वासघात है। उन्होंने मांग की कि इस 'गद्दारी' को सुविधाजनक बनाने वाले अधिकारियों को तुरंत हटाया जाना चाहिए।
बोरा ने वोटर लिस्ट अपडेट करने की प्रक्रिया पर सवाल उठाते हुए कहा कि विपक्षी दल लंबे समय से कह रहे हैं कि यह पूरी प्रक्रिया संदिग्ध है। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि वर्तमान स्थिति ऐसी हो गई है कि अब नागरिक चुनाव आयोग और सत्ताधारी पार्टी द्वारा चुने जा रहे हैं, और फिर उन्हीं नागरिकों से कहा जाता है कि वे सत्ताधारी पार्टी को चुनें। उन्होंने जोर देकर कहा कि जिन लोगों ने इस लोकतंत्र और संविधान के लिए बलिदान दिया है, वे अब 'चुराए गए जनादेश' को स्वीकार नहीं करेंगे।