नेहरू पार्क में खिलेगा रंगों का जादू, NDMC बनाएगा भव्य ट्यूलिप गार्डन
NDMC नेहरू पार्क को 'वैली ऑफ फ्लावर्स' बनाने जा रहा है। नीदरलैंड से आएंगे 3 लाख ट्यूलिप बल्ब, जानें कब खिलेंगे फूल।

दिल्ली की खूबसूरती में जल्द ही एक नया अध्याय जुड़ने जा रहा है। नई दिल्ली नगर परिषद (NDMC) शहर के मशहूर नेहरू पार्क में एक विशाल ट्यूलिप गार्डन विकसित करने की तैयारी कर रहा है। इस पहल का मकसद दिल्लीवासियों और पर्यटकों को फूलों का एक ऐसा अनूठा अनुभव देना है, जैसा आमतौर पर कश्मीर या विदेशों में देखने को मिलता है। उपराज्यपाल वी.के. सक्सेना के विजन के अनुरूप, राजधानी को 'खुशियों और फूलों के शहर' के रूप में बदलने के लिए यह कदम उठाया गया है।
इस प्रोजेक्ट को बेहद खास बनाने के लिए केवल फूल ही नहीं, बल्कि कई आधुनिक सुविधाएं भी जोड़ी जाएंगी। गार्डन में आने वाले लोगों के लिए समर्पित पार्किंग, संगीत का माहौल और ड्रोन फोटोग्राफी जैसी विशेष सेवाएं उपलब्ध होंगी, ताकि लोग इस खूबसूरती को यादगार बना सकें।
नीदरलैंड से आएंगे फूल, 2027 में दिखेगा नजारा
NDMC ने इस प्रोजेक्ट के लिए एक विस्तृत योजना तैयार की है। इसके मुख्य बिंदु इस प्रकार हैं:
- बल्क इम्पोर्ट: करीब 37.37 रुपये प्रति बल्ब की कीमत से नीदरलैंड से ट्यूलिप बल्ब मंगाए जा रहे हैं।
- संख्या: नेहरू पार्क के लिए 3 लाख और दिल्ली विकास प्राधिकरण (DDA) के लिए 1.67 लाख बल्ब निर्धारित किए गए हैं।
- समय सीमा: दिसंबर में रोपण का काम शुरू होगा और जनवरी के अंत से मार्च 2027 की शुरुआत तक फूल पूरी तरह खिलेंगे।
हालांकि ट्यूलिप के फूल केवल 20 से 25 दिनों तक ही खिलते हैं, लेकिन NDMC की योजना नेहरू पार्क को साल भर 'वैली ऑफ फ्लावर्स' (फूलों की घाटी) के रूप में विकसित करने की है, ताकि हर मौसम में यहां अलग-अलग फूल खिलते रहें।
दिलचस्प बात यह है कि जहां NDMC इस दिशा में बड़ा कदम उठा रहा है, वहीं दिल्ली नगर निगम (MCD) ने लगातार दूसरे साल अपने पार्कों में ट्यूलिप न लगाने का फैसला किया है। MCD का कहना है कि रखरखाव की दिक्कतों और शरारती तत्वों द्वारा फूलों को नुकसान पहुंचाए जाने के डर की वजह से वे यह रिस्क नहीं लेना चाहते।