पंजाबी बाग में प्रदूषण नियंत्रण उपायों का जायजा लेने पहुंचे म्युनिसिपल कमिश्नर

दिल्ली में बढ़ते वायु प्रदूषण की गंभीर समस्या को देखते हुए म्युनिसिपल कमिश्नर संजीव खिरवार ने गुरुवार को पंजाबी बाग इलाके का दौरा किया। इस निरीक्षण का मुख्य उद्देश्य क्षेत्र में वायु प्रदूषण की स्थिति का मूल्यांकन करना और इसे नियंत्रित करने के लिए किए जा रहे उपायों की समीक्षा करना था। कमिश्नर ने न केवल प्रदूषण हॉटस्पॉट्स का जायजा लिया, बल्कि वेस्ट मैनेजमेंट और पार्किंग व्यवस्थाओं पर भी बारीकी से नजर डाली।
अपने दौरे की शुरुआत कमिश्नर ने भारत दर्शन पार्क से की, जहां वेस्ट जोन के डिप्टी कमिश्नर कर्नल विनोद अत्री ने उन्हें पूरी जानकारी दी। यह पार्क करीब 8.5 एकड़ में फैला है और इसकी खास बात यह है कि यहां विभिन्न राज्यों के प्रसिद्ध स्मारकों की प्रतिकृतियां 450 टन स्क्रैप मेटल (कबाड़) से बनाई गई हैं। पार्क की इस अनूठी पहल से प्रभावित होकर कमिश्नर खिरवार ने निर्देश दिए कि ओखला लैंडफिल साइट पर भी करीब 20 एकड़ जमीन को इसी तरह के थीम-आधारित पार्क के रूप में विकसित किया जाए।
प्रदूषण और कचरा प्रबंधन पर सख्त निर्देश
निरीक्षण के दौरान कमिश्नर ने वायु गुणवत्ता की निगरानी और प्रदूषण के मुख्य स्रोतों की पहचान करने पर जोर दिया। उन्होंने वाहनों से होने वाले उत्सर्जन और श्मशान घाटों से निकलने वाले धुएं को कम करने के लिए प्रभावी कदम उठाने की बात कही। साथ ही, उन्होंने पंजाबी बाग में पजल पार्किंग सिस्टम का भी अवलोकन किया।
वेस्ट मैनेजमेंट की बात करें तो कमिश्नर ने निर्माण और विध्वंस (C&D) मलबे के संग्रह, परिवहन और निपटान की व्यवस्थाओं की समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए कि मलबे का निपटान पूरी तरह व्यवस्थित तरीके से किया जाए ताकि सड़कों पर गंदगी और धूल न उड़े।
संजीव खिरवार ने स्पष्ट किया कि प्रदूषण से लड़ने के लिए सभी विभागों के बीच बेहतर समन्वय और जिम्मेदारी की जरूरत है। इस दौरे में वेस्ट जोन वार्ड कमेटी के चेयरमैन हरीश ओबेरॉय, स्थानीय पार्षद सुमन त्यागी और वेस्ट जोन डिप्टी कमिश्नर कर्नल विनोद अत्री सहित कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।