मुरादाबाद में बाढ़ का खतरा! ठेला नदी का जलस्तर खतरनाक स्तर पर, एक दर्जन से ज्यादा गांव पानी से घिरे

Kittu Kumari20 August 20262 min read96 viewsNational
मुरादाबाद में बाढ़ का खतरा! ठेला नदी का जलस्तर खतरनाक स्तर पर, एक दर्जन से ज्यादा गांव पानी से घिरे

मुरादाबाद में पहाड़ों पर हो रही मूसलाधार बारिश का असर अब मैदानी इलाकों में दिखाई देने लगा है। लगातार बारिश के चलते ठेला नदी का जलस्तर तेजी से बढ़कर खतरनाक स्तर पर पहुंच गया है। नदी का पानी ओवरफ्लो होने के बाद भोजपुर थाना क्षेत्र के खादर इलाके में घुस गया है। इस खबर की अधिक जानकारी के लिए आप Abhishek Bhardwaj से संपर्क कर सकते हैं।

  • ठेला नदी का जलस्तर बढ़ने से एक दर्जन से अधिक गांव पानी से घिरे।
  • आदमपुर, रुस्तमपुर, तिगरी, लालूवाला, इस्लामनगर, खईय्या खादर और सिहाली शाहपुर प्रभावित।
  • खेतों में पानी भरने से किसानों की फसलें जलमग्न हुईं।
  • शाहपुर से मुरादाबाद जाने वाले मुख्य मार्ग पर काफियाबाद के पास दमदमा की पुलिया पर पानी बढ़ा।

गांवों और किसानों पर संकट

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ठेला नदी का जलस्तर बढ़ने के बाद आदमपुर, रुस्तमपुर, तिगरी, लालूवाला, इस्लामनगर, खईय्या खादर और सिहाली शाहपुर समेत एक दर्जन से अधिक गांव पानी से घिर गए हैं। ग्रामीण इलाकों में लगातार बढ़ रहे पानी को लेकर लोगों में चिंता बढ़ती जा रही है। कई जगहों पर पानी खेतों तक पहुंच चुका है, जबकि कुछ इलाकों में घरों के आसपास भी जलभराव की स्थिति बन गई है। सबसे ज्यादा परेशानी किसानों के सामने खड़ी हो गई है क्योंकि खेतों में बाढ़ का पानी भरने से बड़ी संख्या में खड़ी फसलें जलमग्न हो गई हैं। किसानों को आशंका है कि अगर नदी का जलस्तर इसी तरह बढ़ता रहा तो उनकी फसलों को भारी नुकसान हो सकता है।

आवागमन और रोजमर्रा की जिंदगी प्रभावित

ग्रामीणों के आवागमन पर भी बाढ़ के पानी का असर पड़ने लगा है। शाहपुर से इस्लामनगर होते हुए मुरादाबाद जाने वाले मुख्य मार्ग पर काफियाबाद के पास दमदमा की पुलिया पर पानी का स्तर लगातार बढ़ रहा है। पानी बढ़ने के कारण इस मार्ग पर आवागमन बाधित होने और रास्ता पूरी तरह बंद होने की स्थिति बनती जा रही है। बाढ़ का पानी घरों और खेतों तक पहुंचने के कारण ग्रामीणों की रोजमर्रा की जिंदगी भी मुश्किल हो गई है। लोगों को आने-जाने में परेशानी हो रही है और मवेशियों के लिए चारे की व्यवस्था करना भी चुनौती बन गया है क्योंकि खेतों में पानी भरने के कारण हरे चारे की उपलब्धता प्रभावित हो रही है।

प्रशासन के सामने चुनौतियां

पहाड़ी क्षेत्रों में लगातार हो रही बारिश का असर ठेला नदी के जलस्तर पर साफ दिखाई दे रहा है। प्रशासन के सामने ग्रामीणों को सुरक्षित रखने, प्रभावित इलाकों पर नजर रखने और जरूरत पड़ने पर राहत एवं बचाव की व्यवस्था करने की चुनौती है। फिलहाल सबसे बड़ा खतरा उन गांवों पर मंडरा रहा है जो नदी के आसपास खादर क्षेत्र में बसे हुए हैं। अगर बारिश का सिलसिला जारी रहता है और ठेला नदी का जलस्तर और बढ़ता है, तो हालात और गंभीर हो सकते हैं। ग्रामीणों की नजर अब प्रशासन की ओर है कि उन्हें राहत पहुंचाने और संभावित बाढ़ से बचाने के लिए क्या कदम उठाए जाते हैं।

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