दिल्ली में मंत्री आशीष सूड ने लॉन्च किया सेवा-फर्स्ट इनोवेशन चैलेंज 2026, दो करोड़ रुपये का मिलेगा इनाम

दिल्ली के उच्च शिक्षा मंत्री आशीष सूड ने शनिवार को दिल्ली टेक्नोलॉजिकल यूनिवर्सिटी यानी डीटीयू में 'सेवा-FIRST इनोवेशन Challenge 2026' का आधिकारिक रूप से शुभारंभ किया है। इस नई पहल का मुख्य उद्देश्य युवा इनोवेटर्स को वास्तविक दुनिया की समस्याओं की पहचान करने और उनके व्यावहारिक, तकनीक-आधारित समाधान विकसित करने के लिए प्रेरित करना है। इस चैलेंज में कुल दो करोड़ रुपये का भारी-भरकम पुरस्कार पूल रखा गया है। इसके साथ ही इसमें दिल्ली सरकार की तरफ से एक्सपर्ट मेंटरशिप और पूरा समर्थन भी दिया जाएगा। प्रतिभागियों को संबोधित करते हुए मंत्री आशीष सूड ने कहा कि यह चैलेंज समाज की सेवा करने और वास्तविक समस्याओं को हल करने पर विशेष ध्यान देता है। उन्होंने छात्रों से अपील की कि वे क्लासरूम और किताबों से बाहर निकलकर सामाजिक चुनौतियों का सामना करें।
एंकर यूनिवर्सिटी के रूप में काम करते हुए डीटीयू इस पहल को हरियाणा, पंजाब, जम्मू-कश्मीर, हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड, चंडीगढ़ और लद्दाख समेत उत्तर भारतीय राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में आगे बढ़ाएगा। इस प्रतियोगिता में विश्वविद्यालयों, उद्योगों, स्टार्टअप्स, स्कूलों, आईटीआई और पॉलिटेक्निक संस्थानों के प्रतिभागी हिस्सा ले पाएंगे। ये सभी प्रतिभागी समस्या की पहचान, विचार, प्रोटोटाइपिंग, टेस्टिंग, वैलिडेशन और इंप्लीमेंटेशन जैसे विभिन्न चरणों के माध्यम से काम करेंगे। यह पूरी पहल दिल्ली में एक मजबूत स्टार्टअप इकोसिस्टम तैयार करने के बड़े लक्ष्य का एक अहम हिस्सा है। दिल्ली स्टार्टअप पॉलिसी के तहत 10,000 स्टार्टअप और 4 लाख नौकरियां पैदा करने का लक्ष्य रखा गया है। मंत्री आशीष सूड ने विशेष रूप से कृषि और ग्रामीण क्षेत्रों के लिए समाधान तैयार करने पर जोर दिया है।
डीटीयू की एक नई पहल के तहत शैक्षणिक सत्र 2027-28 से इंजीनियरिंग के छात्रों को गांवों में भेजा जाएगा, ताकि वे ग्रामीण समस्याओं के लिए तकनीकी समाधान विकसित कर सकें। मंत्री सूड ने इस बात की भी सराहना की। इस कार्यक्रम के दौरान स्टार्टअप लीडर्स और यूनिकॉर्न फाउंडर्स द्वारा प्रतिभागियों को मेंटरशिप दी जाएगी। इनमें वीबा के विराज बहल, जोमैटो/ज़ेप्टो (सोर्स में ज़िप्पी) के आकाश गुप्ता, कैशकरो की स्वाति भार्गवा और एस्ट्रोटॉक के पुनीत गुप्ता शामिल हैं। इनोवेशन पोर्टल के लॉन्च होने के ठीक बाद ग्रामीण टेक्नोलॉजी और कम्युनिटी एंगेजमेंट प्रोग्राम यानी आरटीसीईपी की भी घोषणा की गई। यह प्रोग्राम आने वाले शैक्षणिक सत्र से ग्रामीण भारत में इंजीनियरिंग, उद्यमिता और सामाजिक बदलाव पर अपना ध्यान केंद्रित करेगा।