दिल्ली नगर निगम की बड़ी कार्रवाई, सुशांत विहार में सील हुईं अवैध रंगाई यूनिट्स

दिल्ली नगर निगम (MCD) ने रिहायशी इलाकों में चल रही अवैध कपड़ा रंगाई फैक्ट्रियों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। 20 सितंबर 2026 को सुशांत विहार इलाके में दो ऐसी अवैध यूनिट्स को सील कर दिया गया है। ये फैक्ट्रियां बिना अनुमति के चलाई जा रही थीं। जांच में सामने आया कि ये यूनिट्स रासायनिक कचरे वाला गंदा पानी सीधे सार्वजनिक नालों में बहा रही थीं, जिससे स्थानीय लोगों के स्वास्थ्य और पर्यावरण को बड़ा खतरा पैदा हो रहा था।
नगर निगम के अधिकारियों के अनुसार, ये अवैध फैक्ट्रियां जींस और अन्य कपड़ों की रंगाई का काम करती थीं। इनका गंदा पानी यमुना नदी को भी प्रदूषित कर रहा था। नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल (NGT) के नियमों के मुताबिक, रिहायशी क्षेत्रों में इस तरह की औद्योगिक इकाइयां चलाना पूरी तरह प्रतिबंधित है। यह कार्रवाई MCD और दिल्ली प्रदूषण नियंत्रण समिति (DPCC) के उस अभियान का हिस्सा है, जिसके तहत unauthorized औद्योगिक गतिविधियों पर रोक लगाई जा रही है।
इससे पहले दिसंबर 2025 में शाहदरा उत्तर जोन में छह अवैध जींस रंगाई फैक्ट्रियों को सील किया गया था। इसके अलावा, स्थानीय लोगों की शिकायतों के बाद 10 सितंबर 2026 को भी सुशांत विहार में एक अवैध रंगाई यूनिट को बंद किया गया था। MCD अधिकारियों ने साफ किया है कि अवैध फैक्ट्रियों के खिलाफ यह अभियान आगे भी जारी रहेगा। पर्यावरण सुरक्षा के नियमों का उल्लंघन करने वालों पर कड़ी नजर रखी जा रही है और ऐसे मामलों में लगातार सख्त कार्रवाई की जाएगी, जैसा कि दिल्ली प्रदूषण नियंत्रण समिति के मामलों में देखा गया है। इसी तरह दिल्ली नगर निगम भी अनधिकृत निर्माण और खतरनाक इमारतों पर लगातार शिकंजा कस रहा है।