रोहिणी में रामलीला देखने पहुंचे LG तरणजीत सिंह संधू, युवाओं को दिए मर्यादा पुरुषोत्तम के आदर्शों को अपनाने के संदेश

दिल्ली के उपराज्यपाल तरणजीत सिंह संधू ने रोहिणी में आयोजित रामलीला कार्यक्रम में शिरकत की। इस मौके पर उनके साथ दिल्ली सरकार के कैबिनेट मंत्री रविंदर इंद्रज सिंह भी मौजूद रहे। LG संधू ने आयोजन की भव्यता की सराहना करते हुए कहा कि रामलीला केवल मनोरंजन का साधन नहीं है, बल्कि यह हमारी आने वाली पीढ़ियों और युवाओं के लिए प्रेरणा का एक बड़ा स्रोत है। उन्होंने जोर देकर कहा कि रामायण की कालजयी शिक्षाएं बच्चों को सही दिशा दिखाने, उन्हें प्रेरित करने और प्रोत्साहित करने में बेहद महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं।
कार्यक्रम के दौरान LG ने अपनी खुशी जाहिर करते हुए कहा कि उन्हें इस आयोजन का हिस्सा बनने का सौभाग्य मिला। उन्होंने कहा कि रामायण की कहानी में जीवन के हर पहलू का समावेश है, जो बच्चों को प्रेरित करने के लिए अनिवार्य है।
संस्कारों से जुड़ रहा है भविष्य: रविंदर इंद्रज सिंह
इस अवसर पर कैबिनेट मंत्री रविंदर इंद्रज सिंह ने 'सनातन संस्कारम' परिवार के प्रयासों की तारीफ की। उन्होंने कहा कि यह परिवार "परंपराओं को भविष्य की ओर ले जाने" के विचार पर काम कर रहा है। मंत्री ने कहा कि इस पहल का मुख्य उद्देश्य भारतीय संस्कृति और सनातन परंपराओं को संरक्षित करना है, जिसके केंद्र में भगवान श्री राम हैं। उन्होंने कहा कि भगवान राम केवल हमारे आराध्य नहीं, बल्कि 'मर्यादा पुरुषोत्तम' यानी एक आदर्श मनुष्य के रूप में जाने जाते हैं।
रविंदर इंद्रज सिंह ने आगे कहा कि हर माता-पिता चाहते हैं कि उनका बच्चा भगवान राम के गुणों को आत्मसात करे। ऐसे में बच्चों को उनके आदर्शों से जोड़ने के लिए इस तरह के मंच तैयार करना बहुत जरूरी है। उन्होंने बताया कि पिछले साल शुरू हुई इस रामलीला के दूसरे संस्करण ने न केवल दिल्ली, बल्कि पूरे देश का ध्यान अपनी ओर खींचा है और बड़ी संख्या में लोग इसे देखने पहुंच रहे हैं।
उन्होंने एक प्रेरक उदाहरण देते हुए राम सेतु के निर्माण में गिलहरी के योगदान का जिक्र किया और कहा कि जिस तरह गिलहरी के छोटे प्रयासों ने पुल को मजबूती दी, उसी तरह हर श्रद्धालु का सहयोग इस आयोजन को सफल बनाने में मदद करता है।