जामिया मिलिया इस्लामिया में 18 दिन का छात्र विरोध खत्म, प्रशासन ने छात्र संघ चुनाव पर दी सहमति
जामिया मिलिया इस्लामिया में छात्रों का 18 दिनों से जारी विरोध प्रदर्शन समाप्त हुआ। प्रशासन ने छात्र संघ चुनाव और संविधान बहाली की समयसीमा तय की है।

दिल्ली की प्रतिष्ठित यूनिवर्सिटी जामिया मिलिया इस्लामिया में पिछले 18 दिनों से जारी छात्रों का विरोध प्रदर्शन आखिरकार खत्म हो गया है। गुरुवार, 29 अक्टूबर 2026 की रात को यूनिवर्सिटी प्रशासन और छात्र प्रतिनिधियों के बीच करीब सात घंटे तक चली लंबी और गहन बातचीत के बाद यह गतिरोध टूटा। छात्रों की मुख्य मांग जामिया मिलिया इस्लामिया स्टूडेंट्स यूनियन (JMISU) की बहाली थी, जिस पर प्रशासन ने अब एक निश्चित समयसीमा तय कर दी है।
कुलसचिव प्रोफेसर मोहम्मद महताब आलम रिज़वी द्वारा रात 11 बजे जारी आदेश के मुताबिक, यूनिवर्सिटी ने JMISU के संविधान की मंजूरी और उसे लागू करने के लिए 15 मई 2027 की डेडलाइन तय की है। इसके साथ ही, यह भी तय हुआ है कि शैक्षणिक सत्र शुरू होने के छह हफ्ते के भीतर छात्र संघ के चुनाव कराए जाएंगे। उम्मीद है कि नया सत्र 15 जुलाई 2027 से शुरू होगा और चुनाव लिंगदोह समिति के दिशा-निर्देशों के अनुसार होंगे।
25 साल बाद लौटेंगे छात्र संघ चुनाव
वाइस चांसलर प्रोफेसर मज़हर आसिफ ने बताया कि यूनिवर्सिटी में आखिरी बार सही तरीके से चुनाव करीब 25 साल पहले हुए थे। साल 2006 में आंतरिक विवादों और हंगामे के कारण चुनावों पर रोक लगा दी गई थी। अब इस नए समझौते के तहत प्रशासन ने न केवल चुनाव की राह खोली है, बल्कि विरोध प्रदर्शन के दौरान छात्रों को जारी किए गए सस्पेंशन ऑर्डर और कारण बताओ नोटिस (Show-cause notices) को भी वापस लेने का फैसला किया है। साथ ही, सुरक्षाकर्मियों के व्यवहार की जांच के लिए एक कमेटी बनाई जाएगी।
इस पूरे विवाद को सुलझाने में राज्यसभा सांसद हारिस बीरन ने मध्यस्थ की भूमिका निभाई। उन्होंने कहा कि यह समाधान दोनों पक्षों की जरूरत थी क्योंकि छात्र और प्रशासन दोनों ही भारी दबाव में थे। इस बातचीत में MSF, AISA, NSUI, SFI, फ्रेटरनिटी मूवमेंट और दिशा जैसे विभिन्न छात्र संगठनों ने हिस्सा लिया, जबकि पीएचडी छात्र जिहाद ने छात्रों के प्रतिनिधि के रूप में बात की।
गौरतलब है कि इस विरोध प्रदर्शन के दौरान तनाव काफी बढ़ गया था। रिदा नौशाद खान, एबिन बेसिल, रेहान, अबुज़ार गौर और ऋतिक जैसे छात्रों ने भूख हड़ताल भी की थी। 26 और 27 अक्टूबर को बातचीत विफल होने के बाद कैंपस में अर्धसैनिक बलों के साथ झड़पें भी हुई थीं। अब यूनिवर्सिटी ने घोषणा की है कि कैंपस की सभी गतिविधियां और ऑफलाइन कक्षाएं 10 नवंबर 2026 से दोबारा शुरू होंगी।