राहुल गांधी पर FIR: जयराम रमेश का पीएम मोदी और अमित शाह पर हमला, कहा- 'घबरा गया है यह जोड़ा'

चुनाव आयोग के खिलाफ विरोध प्रदर्शन के बाद लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी और अन्य विपक्षी नेताओं के खिलाफ दिल्ली पुलिस द्वारा एफआईआर दर्ज किए जाने पर सियासी घमासान शुरू हो गया है। कांग्रेस सांसद जयराम रमेश ने इस कार्रवाई को विपक्ष की आवाज दबाने की कोशिश करार देते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह पर सीधा हमला बोला है। रमेश ने सोशल मीडिया पर इस कदम की आलोचना करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री और गृह मंत्री इस समय घबराए हुए और हताश हैं।
जयराम रमेश ने एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर लिखा कि राहुल गांधी पिछले करीब दो साल से प्रधानमंत्री, गृह मंत्री और मुख्य चुनाव आयुक्त के बीच कथित 'वोट चोरी' की साजिश को सबूतों के साथ बेनकाब कर रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि स्पेशल इंटेंसिव रिविजन (SIR) की क्रूर प्रक्रिया के जरिए करोड़ों असली मतदाताओं से उनके संवैधानिक वोट देने का अधिकार छीन लिया गया है। रमेश ने इस प्रक्रिया को 'शहंशाह इंस्टिगेटेड रिमूवल' (SIR) का नाम देते हुए कहा कि जब नेता प्रतिपक्ष ने इन अन्यायों को उजागर करने के लिए सत्याग्रह का रास्ता अपनाया, तो दिल्ली पुलिस ने उनके खिलाफ एफआईआर दर्ज कर ली।
बिना अनुमति परिसर में प्रवेश का है मामला
यह पूरा विवाद मंगलवार को तब शुरू हुआ जब इंडिया गठबंधन के सांसदों ने संसद भवन से निर्वाचन सदन (चुनाव आयोग मुख्यालय) तक मार्च निकालने की योजना बनाई थी। दिल्ली पुलिस के अनुसार, इस मार्च के लिए कोई आधिकारिक अनुमति नहीं ली गई थी और न ही दी गई थी। जब पुलिस ने सांसदों को आगे बढ़ने से रोका, तो राहुल गांधी, प्रियंका गांधी वाड्रा और अन्य नेता आकाशवाणी भवन के पास धरने पर बैठ गए।
पुलिस का दावा है कि राहुल गांधी और प्रियंका गांधी वाड्रा सहित कई नेता बिना अनुमति के आकाशवाणी भवन परिसर के अंदर चले गए और वहां अपना विरोध प्रदर्शन जारी रखा। पुलिस ने उन्हें परिसर खाली करने के लिए कहा, लेकिन प्रदर्शनकारियों ने कथित तौर पर इनकार कर दिया और मांग की कि जब तक सांसदों के एक प्रतिनिधिमंडल को चुनाव आयोग के अधिकारियों से मिलने की अनुमति नहीं मिलती, वे वहां से नहीं हटेंगे। इसी घटनाक्रम के बाद दिल्ली पुलिस ने संबंधित नेताओं के खिलाफ मामला दर्ज किया है।