CEC ज्ञानेश कुमार के खिलाफ INDIA गठबंधन का 'प्रतीकात्मक महाभियोग', दिल्ली में हुआ आयोजन

इंडिया गठबंधन ने दिल्ली में CEC ज्ञानेश कुमार के खिलाफ 'सार्वजनिक महाभियोग' चलाया। जानें क्या हैं आरोप और क्यों हुआ यह आयोजन।

Kittu Kumari31 October 20262 min read0 viewsDelhi Local
CEC ज्ञानेश कुमार के खिलाफ INDIA गठबंधन का 'प्रतीकात्मक महाभियोग', दिल्ली में हुआ आयोजन

देश की राजधानी दिल्ली में विपक्षी गठबंधन INDIA ने एक अनोखा राजनीतिक कदम उठाया है। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के 10, राजाजी मार्ग स्थित आवास पर मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार के खिलाफ एक प्रतीकात्मक 'सार्वजनिक महाभियोग' (Public Impeachment) चलाया गया। कांग्रेस नेता पवन खेड़ा ने इस आयोजन को केवल एक मॉक पार्लियामेंट नहीं, बल्कि एक 'सार्वजनिक सुनवाई' करार दिया है, जिसका मकसद चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाना था।

यह कार्यक्रम पहले 30 अक्टूबर को होना था, लेकिन भारी बारिश की वजह से इसे 31 अक्टूबर को आयोजित किया गया। इस पूरी प्रक्रिया की अध्यक्षता पूर्व लोकसभा अध्यक्ष मीरा कुमार ने की। कार्यक्रम की शुरुआत में मल्लिकार्जुन खड़गे ने प्रस्ताव पेश किया, जबकि राहुल गांधी ने समापन भाषण दिया। इस दौरान विपक्षी गठबंधन के 21 दलों के करीब 40 सांसदों और नागरिक समाज के प्रतिनिधियों ने अपनी बात रखी और चुनाव आयोग के प्रति अपनी नाराजगी जाहिर की।

चुनाव आयोग पर गंभीर आरोप और राजनीतिक टकराव

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INDIA गठबंधन ने मुख्य चुनाव आयुक्त पर मतदाता सूचियों के विशेष गहन संशोधन (SIR) में अनियमितताओं के गंभीर आरोप लगाए हैं। विपक्ष का दावा है कि CEC मतदाताओं को उनके अधिकारों से वंचित करने के मुद्दों पर चुप्पी साधे हुए हैं और उनकी शिकायतों का समाधान नहीं किया गया है। इसी वजह से विपक्ष ने उनके इस्तीफे की मांग की है।

हालांकि, कानूनी तौर पर किसी चुनाव आयुक्त को हटाने के लिए लोकसभा के कम से कम 100 या राज्यसभा के 50 सांसदों के हस्ताक्षर वाले प्रस्ताव और संसद के विशेष बहुमत की आवश्यकता होती है। ऐसे में यह पूरा आयोजन केवल एक प्रतीकात्मक राजनीतिक विरोध था, जिसका कोई कानूनी प्रभाव नहीं है।

दूसरी ओर, भाजपा ने इस पूरी कवायद को 'मजाक' बताते हुए इसे राजनीतिक लाभ के लिए गलत सूचना फैलाने की कोशिश करार दिया है। पवन खेड़ा ने पलटवार करते हुए कहा कि यह आयोजन इस बात का प्रमाण है कि अब जनता का प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, भाजपा और आरएसएस में भरोसा कम हो रहा है।

इस घटनाक्रम के बीच, INDIA गठबंधन 1 नवंबर को रामलीला मैदान में एक बड़ी रैली की तैयारी कर रहा है। कांग्रेस नेता मल्लू रवि ने आरोप लगाया है कि केंद्र सरकार कार्यकर्ताओं के लिए ट्रेन सेवाएं रोककर इस रैली में बाधा डालने की कोशिश कर रही है।

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