IHC थिएटर फेस्टिवल 2026 संपन्न, सिक्किम रेpertory कंपनी ने किया पहला दिल्ली डेब्यू

नई दिल्ली में आयोजित आईएचसी थिएटर फेस्टिवल 2026 (IHC Theatre Festival 2026) का 27 सितंबर को समापन हो गया। यह दस दिनों का उत्सव 18 सितंबर से शुरू हुआ था। इस festival का मुख्य विषय "टेन डेज, डाइवर्स वॉइसिस, वन स्टेज" था। इस महोत्सव का समापन राष्ट्रीय नाट्य विद्यालय (NSD) की सिक्किम रेpertory कंपनी द्वारा प्रस्तुत हिंदी नाटक "भासभारतम्" के मंचन के साथ हुआ। इस नाटक का निर्देशन पियल भट्टाचार्य ने किया था और यह सिक्किम रेpertory कंपनी की दिल्ली में पहली प्रस्तुति थी, जिसकी जानकारी PTI News के माध्यम से सामने आई।
महोत्सव की शुरुआत और मुख्य प्रस्तुतियां
आईएचसी के निदेशक प्रो. डॉ. के.जी. सुरेश ने बताया कि यह फेस्टिवल भारतीय रंगमंच के विकास का जश्न है जो विभिन्न भाषाओं, रूपों और विषयों को उजागर करता है। इस आयोजन में स्टेन ऑडिटोरियम और 'द थिएटर' में प्रस्तुतियां दी गईं। फेस्टिवल की शुरुआत प्रो. डॉ. के.जी. सुरेश, एनएसडी के उपाध्यक्ष पद्म श्री प्रो. भारत गुप्त और नाटककार मनीष वर्मा की उपस्थिति में हुई। मनीष वर्मा के नाटक "डान्सिंग विद डैड" ने इस कार्यक्रम की शुरुआत की थी। वर्मा ने समकालीन रंगमंच में समावेशन और न्यूरोडाइवर्सिटी जैसे विषयों के महत्व पर जोर दिया।
टिकट मूल्य और गैर-व्यावसायिक स्वरूप
यह फेस्टिवल एक स्व-वित्तपोषित, गैर-व्यावसायिक और गैर-प्रतियोगी पहल के रूप में आयोजित किया गया था। महोत्सव में टिकट की कीमतें ₹200, ₹350 और ₹500 रखी गईं थीं और देर से आने वालों के प्रवेश पर सख्त पाबंदी थी। आईएचसी के कार्यक्रम प्रमुख सैयद शादाब हुसैन ने कहा कि इस क्यूरेशन का उद्देश्य शास्त्रीय परंपराओं से लेकर समकालीन कथाओं तक रंगमंच के विभिन्न दृष्टिकोणों का प्रतिनिधित्व करना था।
ऐतिहासिक साझेदारियां और चर्चित हस्तियां
इतिहास में इस फेस्टिवल ने रंगशंकरा, एनसीपीए और आदिशक्ति लैबोरेटरी फॉर थिएटर, आर्ट एंड रिसर्च जैसे संगठनों के साथ साझेदारी की है। इसके अलावा, इस मंच पर रजत कपूर, कल्कि कोचलिन और दिवंगत सतीश कौशिक जैसी प्रमुख हस्तियां भी शामिल हो चुकी हैं।