हार्डदीप पुरी की जेफ्री एपस्टीन से कथित मुलाकात, केसी वेणुगोपाल ने पीएम मोदी से मांगा जवाब

जेफ्री एपस्टीन और केंद्रीय मंत्री हार्डदीप सिंह पुरी की एक कथित मुलाकात और तस्वीर ने देश की राजनीति में तूफान खड़ा कर दिया है। कांग्रेस महासचिव केसी वेणुगोपाल ने इस मुद्दे पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को आड़े हाथों लिया है। वेणुगोपाल ने आरोप लगाया है कि प्रधानमंत्री को हार्डदीप पुरी और अंतरराष्ट्रीय बाल यौन अपराधी जेफ्री एपस्टीन के बीच संबंधों की पूरी जानकारी थी, फिर भी उन्होंने इस पर कोई कार्रवाई नहीं की।
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर अपनी प्रतिक्रिया देते हुए केसी वेणुगोपाल ने कहा कि यह बेहद घिनौना है कि पुरी उन कमरों में एपस्टीन से मिले, जहां उसने अपने जघन्य अपराध किए थे। उन्होंने पीएम मोदी और अमित शाह की चुप्पी को "आपराधिक उदासीनता" करार देते हुए सवाल किया कि जो सरकार अपने कैबिनेट मंत्री के खिलाफ ऐसे गंभीर आरोपों पर चुप्पी साधे हुए है, उससे महिलाएं सुरक्षा की उम्मीद कैसे कर सकती हैं।
व्यापार समझौते और राजनीतिक दबाव
कांग्रेस नेता ने इस विवाद को भारत और अमेरिका के बीच होने वाले संभावित व्यापार समझौते से भी जोड़ दिया। उन्होंने कहा कि जब डोनाल्ड ट्रंप भारत के साथ ट्रेड डील की बात कर रहे हैं, तो पीएम मोदी का इस मुद्दे पर बोलना बेहद जरूरी है। वेणुगोपाल ने आशंका जताई कि कहीं प्रधानमंत्री अपनी और अपने करीबियों की छवि बचाने के लिए भारत के हितों के साथ फिर से समझौता न कर लें।
इस मामले में केवल कांग्रेस ही नहीं, बल्कि शिवसेना (UBT) नेता संजय राउत ने भी मोर्चा खोल दिया है। राउत ने सोशल मीडिया पर प्रसारित तस्वीरों का जिक्र करते हुए पूछा कि हार्डदीप पुरी आखिर उस मुलाकात में किसका संदेश लेकर गए थे? क्या वह पीएम मोदी के प्रतिनिधि के तौर पर वहां थे? राउत ने दावा किया कि अमेरिकी न्याय विभाग की फाइलों से अब सच सामने आ रहा है और आने वाले समय में और भी बड़े खुलासे होंगे।
वहीं, कांग्रेस नेता श्रीनिवास बीवी ने भी इस टाइमिंग पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने अमेरिकी विदेश मंत्री की मुंबई यात्रा और उसी दौरान इन तस्वीरों के सामने आने को एक बड़ा संकेत बताया है। विपक्षी नेताओं का मानना है कि यह मामला केवल एक तस्वीर का नहीं, बल्कि सरकार की जवाबदेही और राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़ा है।