गुरुग्राम महिला बाइकर केस: SIT की रिपोर्ट में खुलासा, हादसा नहीं बल्कि जानबूझकर मारी थी टक्कर
गुरुग्राम में महिला बाइकर शिवानी चौहान के साथ हुई टक्कर हादसा नहीं, बल्कि सोची-समझी साजिश थी। SIT ने अपनी रिपोर्ट में बड़ा खुलासा किया है।

गुरुग्राम के गोल्फ कोर्स रोड पर हुई एक दिल दहला देने वाली घटना ने अब नया मोड़ ले लिया है। हरियाणा पुलिस की स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम (SIT) ने अपनी जांच में यह साफ कर दिया है कि महिला बाइकर शिवानी चौहान (Sia) के साथ हुई टक्कर कोई इत्तेफाक या हादसा नहीं था, बल्कि इसे जानबूझकर अंजाम दिया गया था। गुरुग्राम महिला बाइकर केस में SIT की इस रिपोर्ट ने अब आरोपियों की मुश्किलें और बढ़ा दी हैं।
यह पूरा मामला 13 सितंबर 2026 का है, जब दिल्ली की रहने वाली 27 वर्षीय शिवानी चौहान अपनी बाइक से जा रही थीं। तभी पलवल के एक जिम ऑपरेटर कल्याण बैंसला ने अपनी सफेद मारुति सियाज कार से उन्हें टक्कर मार दी थी। शुरुआत में आरोपी ने दावा किया था कि यू-टर्न लेते समय उसका संतुलन बिगड़ गया, लेकिन SIT की जांच में यह झूठ पकड़ा गया।
CCTV और हेलमेट कैमरे ने खोली आरोपियों की पोल
एसीपी (महिला अपराध) सुशीला के नेतृत्व में पांच सदस्यीय SIT ने इस मामले की गहराई से जांच की। जांच टीम ने पीड़िता के बयान, सड़क पर लगे CCTV फुटेज और शिवानी के हेलमेट में लगे कैमरे की रिकॉर्डिंग का बारीकी से विश्लेषण किया। सबूतों से पता चला कि कल्याण बैंसला और उसका चचेरा भाई लवनीश, शिवानी का पीछा कर रहे थे। इस दौरान उन्होंने न केवल अश्लील इशारे किए, बल्कि जानबूझकर गाड़ी को शिवानी की मोटरसाइकिल की तरफ मोड़ा ताकि वह गिर जाएं।
जांच में यह भी सामने आया कि हादसे से पहले दोनों आरोपी एमजी रोड स्थित एक नाइट क्लब गए थे। हालांकि, पुलिस ने यह स्पष्ट किया है कि टक्कर के समय आरोपी नशे में नहीं थे। इस मामले में अब भारतीय न्याय संहिता (BNS) की कई गंभीर धाराएं जोड़ी गई हैं, जिनमें शामिल हैं:
- धारा 109(1): हत्या का प्रयास
- धारा 78: पीछा करना (स्टॉकिंग)
- धारा 79: महिला की गरिमा को ठेस पहुँचाने का इरादा
- धारा 3(5): साझा इरादा (Common Intention)
पुलिस कमिश्नर सिबाश कविराज को सौंपी गई इस फाइनल रिपोर्ट के बाद अब अगले एक हफ्ते में कोर्ट में चार्जशीट दाखिल की जाएगी। बता दें कि हरियाणा महिला आयोग के निर्देश पर इस SIT का गठन किया गया था। आरोपी कल्याण और लवनीश को 15 सितंबर को राजस्थान के दौसा से गिरफ्तार किया गया था, और फिलहाल वे भोंडसी जेल में न्यायिक हिरासत में हैं। उनकी जमानत याचिकाएं पहले ही खारिज की जा चुकी हैं।