गुरुग्राम: गाड़ियां बेचने के नाम पर 12.59 लाख की ठगी, फर्जी NOC बनाने वाला आरोपी गिरफ्तार
गुरुग्राम साइबर पुलिस ने गाड़ियां बेचने के नाम पर 12.59 लाख की ठगी करने वाले गिरोह के एक और सदस्य को दिल्ली से गिरफ्तार किया है।

गुरुग्राम में गाड़ियां बेचने का झांसा देकर लाखों रुपये की साइबर ठगी करने वाले एक शातिर गिरोह पर पुलिस ने अपना शिकंजा कस दिया है। इस मामले में गुरुग्राम साइबर पुलिस ने एक और आरोपी को गिरफ्तार किया है, जो गिरोह के लिए फर्जी दस्तावेज और एनओसी (NOC) तैयार करने का काम करता था। पुलिस ने यह कार्रवाई दिल्ली के भजनपुरा इलाके से की है।
पूरा मामला तब सामने आया जब एक व्यक्ति ने साइबर अपराध पश्चिम थाने में शिकायत दर्ज कराई। पीड़ित ने बताया कि जनवरी महीने में अज्ञात जालसाजों ने उसे दो कारें बेचने का लालच दिया। इस दौरान आरोपियों ने उसे फर्जी दस्तावेज दिखाए और विश्वास में लेकर अलग-अलग किस्तों में उसके खातों से कुल 12,59,759 रुपये ट्रांसफर करवा लिए। जब पीड़ित को ठगी का एहसास हुआ, तो उसने पुलिस की शरण ली।
फर्जी दस्तावेजों का खेल और पुलिस की कार्रवाई
पुलिस प्रवक्ता संदीप कुमार के मुताबिक, एएसआई राकेश के नेतृत्व में एक टीम ने जांच शुरू की और तकनीकी सबूतों के आधार पर दिल्ली के भजनपुरा निवासी सुनील कुमार शर्मा को दबोचा। पूछताछ के दौरान आरोपी सुनील ने अपना गुनाह कबूल कर लिया। उसने बताया कि वह कमीशन के बदले गाड़ियों की फर्जी एनओसी तैयार करता था, जिसे उसके साथी ठगी करने के लिए इस्तेमाल करते थे।
पुलिस अब तक इस मामले में चार आरोपियों को गिरफ्तार कर चुकी है। साइबर पुलिस अब इस बात की गहराई से जांच कर रही है कि इस गिरोह में और कितने लोग शामिल हैं और ठगी की गई रकम कहां खर्च की गई। आरोपी से गहन पूछताछ जारी है ताकि अन्य फरार सदस्यों का पता लगाया जा सके और पैसे बरामद किए जा सकें।