गुरुग्राम: AI फिल्म क्रिएटर बनकर इटैलियन डिजाइनर को ठगा, आरोपी गिरफ्तार

आजकल के डिजिटल दौर में स्कैमर्स नए-नए तरीके अपना रहे हैं। ताजा मामला गुरुग्राम का है, जहां साइबर पुलिस ने एक ऐसे शातिर ठग को गिरफ्तार किया है जिसने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) का सहारा लेकर सात समंदर पार इटली की एक महिला को अपना शिकार बनाया। आरोपी ने न केवल प्यार का नाटक किया, बल्कि खुद को एक बड़ा AI फिल्म क्रिएटर बताकर महिला डिजाइनर से पैसे ठग लिए।
पुलिस के मुताबिक, गिरफ्तार आरोपी की पहचान 36 वर्षीय अखिल मौर्य के रूप में हुई है, जो उत्तर प्रदेश के बहादुरपुर गांव का रहने वाला है। अखिल एक आईटी ग्रेजुएट है और पहले कई कंपनियों में टेक्निकल सपोर्ट का काम कर चुका है, जहां उसकी सैलरी करीब 1 लाख रुपये महीना थी। हालांकि, जुलाई 2025 में उसकी नौकरी छूट गई, जिसके बाद उसने ठगी का रास्ता चुना।
इंस्टाग्राम पर बनाया जाल और 'लव बॉम्बिंग' से फंसाया
यह पूरा खेल मार्च 2026 में इंस्टाग्राम से शुरू हुआ। अखिल ने इटली के रेजियो एमिलिया में शोरूम चलाने वाली 50 वर्षीय ज्वेलरी डिजाइनर डैनिएला डी पिएत्री (पाओला बर्टोलिनी) से संपर्क किया। उसने @akhil.maurya009 और @frontalcortex.ai जैसे हैंडल्स का इस्तेमाल कर खुद को एक AI फिल्म क्रिएटर और डिजाइनर के तौर पर पेश किया।
जांच में सामने आया कि आरोपी ने 'लव बॉम्बिंग' (लगातार प्यार जताना और भावनात्मक रूप से निर्भर बनाना) की तकनीक अपनाई और अंत में महिला को शादी का वादा भी किया। इसी भरोसे का फायदा उठाकर उसने AI कंटेंट प्रोजेक्ट्स के नाम पर डैनिएला से 900 यूरो (करीब 1 लाख रुपये) मांगे, जो वेस्टर्न यूनियन के जरिए गुरुग्राम के मुथूट फाइनेंस के माध्यम से लिए गए।
जब ठगी का अहसास हुआ, तो डैनिएला ने जुलाई 2026 में एसीपी गौरव फोगाट से संपर्क किया। न्याय पाने और अन्य महिलाओं को इस जाल से बचाने के लिए वह करीब 2 लाख रुपये खर्च कर भारत आईं और 28 सितंबर 2026 को औपचारिक शिकायत दर्ज कराई।
एसीपी गौरव फोगाट ने बताया कि आरोपी अखिल मौर्य ने अपना जुर्म कबूल कर लिया है। हैरानी की बात यह है कि ठगी की रकम में से उसके बैंक खाते में अब केवल 13,000 रुपये ही बचे थे। पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 318 के तहत धोखाधड़ी का मामला दर्ज कर आरोपी को सलाखों के पीछे भेज दिया है।