ग्रेटर नोएडा: 1 करोड़ का गांजा जब्त, ट्रक में गुप्त केबिन बनाकर तस्करी कर रहे थे आरोपी

ग्रेटर नोएडा की बादलपुर पुलिस और एंटी-नारकोटिक्स टीम ने एक बड़ी कामयाबी हासिल करते हुए अंतरराज्यीय गांजा तस्करी गिरोह का पर्दाफाश किया है। पुलिस ने दादरी से लालकुआं जाने वाली सड़क पर कुड़ी खेड़ा मोड़ के पास छापेमारी कर करीब 165.7 किलोग्राम अवैध गांजा बरामद किया है, जिसकी अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत लगभग 1 करोड़ रुपये बताई जा रही है। इस पूरी कार्रवाई के दौरान पुलिस ने तीन तस्करों को गिरफ्तार किया है।
पुलिस ने तस्करी में इस्तेमाल हो रहे एक ट्रक और एक कार को जब्त किया है। इसके अलावा आरोपियों के पास से चार मोबाइल फोन, कुछ नकदी और एक बैंक कार्ड भी बरामद हुआ है। जांच में यह बात सामने आई है कि यह गिरोह ओडिशा के भुवनेश्वर से नशीले पदार्थों की खेप मंगवाता था और फिर ट्रक के जरिए इसे दिल्ली के बाजारों में सप्लाई करता था। पुलिस की नजरों से बचने के लिए आरोपियों ने ट्रक के अंदर एक गुप्त केबिन (Hidden Cavity) बनवाया था, जिसे गैंग लीडर दिनेश पाल ने दो महीने पहले ही तैयार करवाया था।
गिरफ्तार आरोपियों का आपराधिक इतिहास
पुलिस ने इस मामले में गैंग लीडर दिनेश पाल, समीर कुमार और रवि कुमार साहनी को गिरफ्तार किया है। दिनेश पाल दक्षिण दिल्ली के भाटी माइन्स का निवासी है और मूल रूप से बिहार के कैमूर जिले का रहने वाला है। दिनेश का पुराना आपराधिक रिकॉर्ड रहा है और वह 2021 में गांजा तस्करी के एक मामले में 15 महीने जेल में बिता चुका है।
वहीं, 33 वर्षीय समीर कुमार उत्तर पश्चिम दिल्ली के शालीमार बाग में रहता है और बिहार के मुंगेर जिले का निवासी है। तीसरा आरोपी रवि कुमार साहनी बिहार के मुजफ्फरपुर जिले का रहने वाला है, जिसकी जिम्मेदारी भुवनेश्वर से खेप लाकर दिनेश और समीर तक पहुँचाने की थी।
बादलपुर पुलिस स्टेशन में एनडीपीएस (NDPS) एक्ट की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज कर लिया गया है। पुलिस अब इस नेटवर्क से जुड़े अन्य सदस्यों और नशे की इस खेप के असली स्रोत का पता लगाने के लिए गहन जांच कर रही है।