नई दिल्ली के भारत मंडपम में चौथा ग्लोबल ईएसजी सम्मेलन और पृथ्वी पुरस्कार 2026 संपन्न

नई दिल्ली के भारत मंडपम में चौथा ग्लोबल ईएसजी सम्मेलन और पृथ्वी पुरस्कार 2026 सफलतापूर्वक संपन्न हो गया है। इस सम्मेलन का आयोजन ईएसजी रिसर्च फाउंडेशन द्वारा किया गया था, जिसे दुबई की बीएनडब्ल्यू डेवलपमेंट्स का समर्थन प्राप्त था। कार्यक्रम में दुनिया भर के सैकड़ों विशेषज्ञ, नीति निर्माता और उद्योगपति शामिल हुए। इस सम्मेलन का मुख्य उद्देश्य भारत को नेट जीरो लक्ष्य की ओर ले जाना और सस्टेनेबल विकास पर चर्चा करना था। कार्यक्रम में जलवायु वित्त, सर्कुलर इकोनॉमी और एआई आधारित कार्बन अकाउंटिंग पर विशेष सत्र आयोजित किए गए। सम्मेलन के दौरान कॉरपोरेट, सार्वजनिक और सामाजिक क्षेत्रों के स्थिरता दिग्गजों को सम्मानित किया गया।
संध्या के मुख्य समारोह में चौथे पृथ्वी पुरस्कार 2026 प्रदान किए गए। इस दौरान पर्यावरण और सामाजिक समानता के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने वाले नेताओं, सार्वजनिक उपक्रमों, कंपनियों और स्टार्टअप्स को सम्मानित किया गया। समारोह में भारत सरकार के कानून और न्याय मंत्रालय के राज्य मंत्री अर्जुन राम मेघवाल मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। मुख्य अतिथि ने ईएसजी रिसर्च फाउंडेशन के कार्यों की सराहना करते हुए कहा कि पृथ्वी की रक्षा के लिए कानूनी और नैतिक जिम्मेदारियों को एक साथ आना होगा। इस अवसर पर आईआईएफसीएल के प्रबंध निदेशक रोहित ऋषि और सीपीसीबी के बोर्ड सदस्य डॉ. अनिल कुमार गुप्ता सहित कई गणमान्य अतिथि मौजूद रहे।
कार्यक्रम के दौरान ईएसजी रिसर्च फाउंडेशन के संस्थापक निदेशक सीए डॉ. अतुल कुमार गुप्ता ने मुख्य भाषण दिया। उन्होंने कॉरपोरेट जगत और समाज को संबोधित करते हुए कहा कि स्थिरता अब केवल एक वार्षिक रिपोर्ट का हिस्सा नहीं बल्कि एक नैतिक और सामाजिक कर्तव्य है। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि केवल कानूनों से बदलाव नहीं आएगा, बल्कि मानवीय चेतना में बदलाव लाना जरूरी है। सम्मेलन के अंत में सभी प्रतिनिधियों और पुरस्कार विजेताओं ने मिलकर जिम्मेदारी से शासन करने, हरित निवेश को बढ़ावा देने और भारत को शून्य-कार्बन भविष्य की ओर ले जाने का संकल्प लिया।