गाजियाबाद में वाहन चोरों का आतंक: पुलिस ने मास्टर की चलाने वाले शातिर चोरों को दबोचा

गाजियाबाद के रिहायशी इलाकों में इन दिनों वाहन चोरों का बोलबाला है। शहर के अलग-अलग हिस्सों से गाड़ियां चोरी होने की वारदातें लगातार सामने आ रही हैं। ताजा मामला लाजपत नगर इलाके का है, जहां साहिबाबाद पुलिस स्टेशन के अधिकार क्षेत्र में एक घर के बाहर खड़ी कार को चोरों ने चंद मिनटों में पार कर दिया। इस बढ़ते खतरे के बीच पुलिस अब एक्शन मोड में है और चोरी के गिरोहों के खिलाफ बड़े पैमाने पर crackdown शुरू कर दिया है।
मास्टर की और फर्जी नंबर प्लेट का खेल
पुलिस की इस कार्रवाई में कई ऐसे शातिर अपराधी पकड़े गए हैं जो चोरी के लिए आधुनिक तरीकों का इस्तेमाल कर रहे थे। 14 अक्टूबर 2026 को साहिबाबाद पुलिस ने अमरोहा निवासी 34 वर्षीय आबिद को गिरफ्तार किया। आबिद मास्टर की (Master Key) की मदद से गाड़ियां चुराता था। पुलिस ने उसके पास से इंदिरापुरम से चोरी की गई एक सफेद क्रेटा कार, तीन रॉयल एनफील्ड बुलेट मोटरसाइकिल, दो मास्टर की और चार नंबर प्लेट बरामद की हैं। आबिद का आपराधिक रिकॉर्ड काफी लंबा है; उस पर दिल्ली, गाजियाबाद, अमरोहा, बिजनौर और मुरादाबाद में गैंगस्टर एक्ट समेत करीब दो दर्जन मामले दर्ज हैं। पुलिस अब उसके साथियों भंटा उर्फ इकरार उर्फ नाजिम और साजिद की तलाश कर रही है।
वहीं, 13 अक्टूबर को इंदिरापुरम पुलिस ने दिल्ली-NCR में सक्रिय एक गिरोह के दो सदस्यों (उम्र 19 और 22 वर्ष) को पकड़ा। ये आरोपी चोरी की गाड़ियों की नंबर प्लेट बदलकर उन्हें बेचने का काम करते थे। इनके पास से 7 मोटरसाइकिल, 2 स्कूटर और 5,120 रुपये नकद बरामद हुए हैं। इसी दिन कवि नगर पुलिस ने भी रूटीन चेकिंग के दौरान रवि नाम के एक habitual offender को पकड़ा, जिस पर तीन जिलों में 19 केस दर्ज हैं।
इससे पहले 10 अक्टूबर को साहिबाबाद में एक पुलिस मुठभेड़ के बाद फरमान नाम के अंतरराज्यीय वाहन चोर को गिरफ्तार किया गया था। फरमान पर 50,000 रुपये का इनाम था और उसके खिलाफ गैंगस्टर एक्ट सहित 100 से ज्यादा आपराधिक मामले दर्ज हैं। पुलिस की इन गिरफ्तारियों से शहर में सक्रिय वाहन चोर गिरोहों पर लगाम कसने की कोशिश की जा रही है।