केन्द्र सरकार के बफर स्टॉक से प्याज लेकर पहली विशेष मालगाड़ी Kanda Express बुधवार 26 अगस्त 2026 को दोपहर करीब 3:10 बजे नासिक के लासलगांव से दिल्ली के लिए रवाना हुई। यह ट्रेन मूल रूप से 25 अगस्त को रवाना होनी थी, लेकिन 26 घंटे की देरी के बाद चली और चार ट्रेन सेवाएं रद्द कर दी गईं।
पैकिंग में देरी और गुणवत्ता संबंधी चिंताओं के कारण इस खेप में 450 मीट्रिक टन प्याज ही लदा है, जो 840 मीट्रिक टन के लक्ष्य से काफी कम है। यह खेप गुरुवार 27 अगस्त की देर रात दिल्ली के आदर्श नगर स्टेशन पहुंचेगी।
दिल्ली-एनसीआर में रियायती दर पर बिक्री के लिए इसे एनसीसीएफ, नाफेड, केंद्रीय भंडार और सफल के खुदरा आउटलेट्स के जरिए 35 रुपये प्रति किलोग्राम की दर से बेचा जाएगा। 26 अगस्त तक अखिल भारतीय औसत खुदरा कीमत 37.87 रुपये प्रति किलो थी, जबकि दिल्ली में कीमतें 55 रुपये प्रति किलो तक पहुंच गईं।
मूल्य स्थिरीकरण कोष के तहत 2026-27 रबी सीजन के लिए 2 लाख मीट्रिक टन का लक्ष्य है, जिसमें से 1.21 लाख मीट्रिक टन की खरीद हो चुकी है। उपभोक्ता मामलों की सचिव निधि खरे ने पुष्टि की कि चेन्नई, मदुरै, एर्नाकुलम और गुवाहाटी में भी आपूर्ति की जा रही है।
गुणवत्ता को लेकर किसानों का विरोध भी सामने आया है, जहां प्रहार किसान संगठन के गणेश निंबालकर ने 10-20 मिमी प्याज को निम्न स्तर और सड़ा हुआ बताया है। स्टेशन मैनेजर प्रीतेश दुबे ने बताया कि इस रूट पर यात्रा में 22 से 24 घंटे लगते हैं।