फरीदाबाद: मानदेय और बजट की मांग को लेकर केंद्रीय मंत्री के दफ्तर पर स्कीम वर्करों का हल्लाबोल

हरियाणा के फरीदाबाद में मंगलवार को उस वक्त हंगामा मच गया जब सैकड़ों की संख्या में आशा, आंगनवाड़ी और मिड डे मील वर्करों ने केंद्रीय राज्य मंत्री कृष्ण पाल गुर्जर के कार्यालय का घेराव किया। ऑल इंडिया फेडरेशन के बुलावे पर जुटे इन कर्मियों ने अपनी मांगों को लेकर जोरदार प्रदर्शन किया और सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।
प्रदर्शन की शुरुआत सुबह बडख़ल चौक से हुई, जहां भारी संख्या में स्कीम वर्कर्स इकट्ठा हुए। दोपहर होते ही यह भीड़ नारेबाजी करते हुए सेक्टर-28 स्थित केंद्रीय राज्य मंत्री के कार्यालय की ओर कूच कर गई। प्रदर्शनकारियों का गुस्सा इस कदर था कि उन्होंने मंत्री के दफ्तर के बाहर अपना आक्रोश व्यक्त किया और अंततः मंत्री के निजी सचिव को एक ज्ञापन सौंपकर अपनी समस्याएं बताईं।
काम का बोझ ज्यादा और मानदेय बेहद कम
इस प्रदर्शन का नेतृत्व आशा वर्कर यूनियन की प्रधान हेमलता और आंगनवाड़ी वर्कर एवं हेल्पर्स यूनियन की प्रधान मालवती ने किया। मौके पर मौजूद सीटू के जिला प्रधान निरंतर पाराशर ने भी वर्करों का समर्थन किया। प्रदर्शन को संबोधित करते हुए आशा वर्कर यूनियन की जिला सचिव सुधा ने सरकार की नीतियों पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि सरकार एक तरफ तो इन वर्करों पर काम का बोझ लगातार बढ़ा रही है, लेकिन जब मानदेय की बात आती है, तो नाम मात्र के पैसे दिए जा रहे हैं।
वर्करों का कहना है कि आजादी के बाद कुपोषण को खत्म करने और नई पीढ़ी के स्वास्थ्य में सुधार के लिए केंद्र सरकार ने ये कल्याणकारी योजनाएं शुरू की थीं। इन स्कीम वर्कर्स की मेहनत से ही स्वास्थ्य सुविधाओं के आंकड़ों में सुधार आया है। लेकिन अब केंद्र सरकार इन योजनाओं का बजट कम कर रही है, जिससे आम जनता तक पहुंचने वाली सेवाएं प्रभावित हो रही हैं। प्रदर्शनकारियों ने मांग की है कि केंद्र सरकार तुरंत बजट में बढ़ोतरी करे ताकि इन सेवाओं को सुचारू रूप से चलाया जा सके। इस मौके पर कमलेश और सुशीला चौधरी समेत कई अन्य कार्यकर्ता मौजूद रहे।