द्वारका में सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट को लेकर हुई अहम बैठक, MCD ने अधिकारियों और RWA के साथ की चर्चा

दिल्ली एनसीआर के द्वारका में 8 अगस्त 2026 को सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट (SWM) के प्रभावी क्रियान्वयन पर एक स्टेकहोल्डर जागरूकता और संवाद बैठक आयोजित की गई। यह कार्यक्रम दक्षिण-पश्चिम जोन, म्युनिसिपल कॉर्पोरेशन ऑफ दिल्ली (MCD) द्वारा दीन दयाल उपाध्याय कॉलेज में आयोजित किया गया था। इस बैठक का मुख्य उद्देश्य SWM नियम, विशेष रूप से SWM Rules-2026 को प्रभावी ढंग से लागू करना सुनिश्चित करना था।
बैठक के मुख्य बिंदु और उद्देश्य
इस सत्र में कचरे के सोर्स सेग्रगेशन, स्थानीय स्तर पर कचरे के निपटान और लैंडफिल साइटों पर पहुंचने वाले कचरे की मात्रा को कम करने पर विशेष जोर दिया गया। दक्षिण-पश्चिम जोन के डिप्टी कमिश्नर शश्वत सौरभ ने इस बैठक की अध्यक्षता की। उन्होंने बिना छांटे गए कचरे को सीधे लैंडफिल में भेजने की प्रथा को धीरे-धीरे खत्म करने की आवश्यकता पर जोर दिया।
प्रमुख प्रतिभागी और MCD की रणनीति
इस बैठक में डिप्टी कमिश्नर शश्वत सौरभ, काउंसलर राम निवास गहलोत, दीन दयाल उपाध्याय कॉलेज के प्रिंसिपल, विभिन्न MCD अधिकारियों के साथ-साथ रेजिडेंट्स वेलफेयर एसोसिएशन (RWA), मार्केट एसोसिएशन और मंडी एसोसिएशन के प्रतिनिधियों ने हिस्सा लिया। बैठक में "जीरो-वेस्ट कम्युनिटीज" के निर्माण पर भी चर्चा हुई और बल्क वेस्ट जेनरेटर (BWG) को कचरा प्रबंधन की जिम्मेदारी सौंपी गई। MCD की रणनीति में गीले, सूखे और अन्य श्रेणियों के कचरे को अलग करना शामिल है, जिससे जैविक कचरे की प्रभावी कंपोस्टिंग और सूखे कचरे का रीसाइक्लिंग किया जा सके।