DSIIDC शराब बुकिंग ऐप का कमाल, 14 हजार से ज्यादा ट्रांजैक्शन में आए 42 लाख रुपये
DSIIDC के ऑनलाइन शराब बुकिंग ऐप ने रिकॉर्ड किए हजारों ट्रांजैक्शन, जानें कैसे काम करता है यह सिस्टम और क्या है इसकी खासियत।

दिल्ली में शराब खरीदने के तरीके को डिजिटल बनाने की कोशिश रंग ला रही है। दिल्ली राज्य औद्योगिक और बुनियादी ढांचा विकास निगम (DSIIDC) द्वारा जारी एक स्टेटस नोट के मुताबिक, शराब बुकिंग ऐप और क्यूआर-आधारित माइक्रोसॉफ्ट ने नवंबर 2025 से अब तक कुल 14,359 ट्रांजैक्शन दर्ज किए हैं। इन डिजिटल भुगतानों के जरिए कुल 42.83 लाख रुपये का कारोबार हुआ है।
इस डिजिटल सिस्टम की शुरुआत के पीछे का मकसद शराब दुकानों के बाहर लगने वाली लंबी लाइनों को कम करना और कानून-व्यवस्था को बेहतर बनाए रखना था। दिलचस्प बात यह है कि इस ऐप की मंजूरी 13 दिसंबर 2024 को आम आदमी पार्टी की सरकार के समय मिली थी और 2 जनवरी 2025 को इसका वर्क ऑर्डर जारी किया गया था। बाद में, iOS यूजर्स के लिए 6 सितंबर 2026 को एक क्यूआर-आधारित माइक्रोसॉफ्ट लॉन्च किया गया। वर्तमान भाजपा सरकार ने भी इस व्यवस्था में कोई हस्तक्षेप नहीं किया क्योंकि इससे आम जनता को सुविधा मिल रही थी।
कैसे काम करता है यह बुकिंग सिस्टम?
यह ऐप पूरी तरह से स्टॉक चेक करने और डिजिटल पेमेंट के लिए बनाया गया है। रजिस्टर्ड यूजर्स ऐप पर जाकर देख सकते हैं कि कौन सी शराब उपलब्ध है, उसे बुक कर सकते हैं और ऑनलाइन भुगतान कर सकते हैं। हालांकि, यहाँ एक बात ध्यान देने वाली है कि इसमें होम डिलीवरी की कोई सुविधा नहीं है। ग्राहकों को अपना ऑर्डर कन्फर्म होने के बाद ओटीपी (OTP) वेरिफिकेशन के जरिए संबंधित स्टोर से खुद जाकर पिक-अप करना होता है।
ट्रांजैक्शन के आंकड़ों पर नजर डालें तो 10 नवंबर 2025 से 31 मार्च 2026 के बीच 3,629 ट्रांजैक्शन हुए, जिनकी वैल्यू 12.93 लाख रुपये थी। वहीं, 1 अप्रैल 2026 के बाद से इस संख्या में तेजी आई और 10,730 ट्रांजैक्शन के जरिए 29.90 लाख रुपये का कारोबार हुआ।
कुल बिक्री की बात करें तो DSIIDC ने वित्तीय वर्ष 2025-26 में 2,682.11 करोड़ रुपये की शराब बेची। वहीं, वित्तीय वर्ष 2026-27 में सितंबर तक यह आंकड़ा 1,383.7 करोड़ रुपये तक पहुँच गया है।