उत्तर दिल्ली में ट्रैफिक पुलिस की पाठशाला, 1256 लोगों को सिखाए सड़क सुरक्षा के गुर

दिल्ली की सड़कों पर हादसों को कम करने और यातायात नियमों के प्रति लोगों को जागरूक करने के लिए दिल्ली ट्रैफिक पुलिस ने एक खास मुहिम चलाई। उत्तर दिल्ली में आयोजित इस दिल्ली रोड सेफ्टी कैंपेन के जरिए पुलिस ने करीब 1,256 नागरिकों को सड़क सुरक्षा के बुनियादी नियमों की जानकारी दी और उन्हें जिम्मेदार नागरिक बनने के लिए प्रेरित किया।
डीसीपी ट्रैफिक डॉ. सचिन कुमार सिंघल के निर्देशन में यह पूरा अभियान चलाया गया। इस पहल के तहत 3 अक्टूबर से 11 अक्टूबर 2026 के बीच कुल 49 'ट्रैफिक पाठशालाओं' का आयोजन किया गया। इन नौ दिनों तक चले आउटरीच प्रोग्राम का मुख्य मकसद लोगों को यह समझाना था कि छोटे-छोटे नियमों का पालन करके कैसे बड़ी दुर्घटनाओं को टाला जा सकता है।
इन नियमों पर रहा खास जोर
ट्रैफिक पाठशालाओं के दौरान पुलिस अधिकारियों ने प्रतिभागियों को सड़क पर चलने के जरूरी कायदों के बारे में विस्तार से बताया। अभियान के दौरान मुख्य रूप से निम्नलिखित बातों पर जोर दिया गया:
- दोपहिया वाहन चलाते समय हेलमेट और कार चलाते समय सीट बेल्ट का अनिवार्य उपयोग।
- ट्रैफिक सिग्नल का सख्ती से पालन करना और अपनी लेन में गाड़ी चलाना।
- पैदल चलने वालों के लिए जेब्रा क्रॉसिंग का इस्तेमाल करना।
- वाहन चलाते समय मोबाइल फोन के इस्तेमाल से पूरी तरह परहेज करना।
इसके अलावा, पुलिस ने शराब पीकर गाड़ी चलाने (ड्रंक ड्राइविंग) के गंभीर खतरों के प्रति लोगों को आगाह किया। ट्रैफिक पुलिस का मानना है कि इस तरह के जागरूकता अभियानों से न केवल नियमों का उल्लंघन कम होगा, बल्कि सड़क सुरक्षा के मानकों में भी सुधार आएगा।