दिल्ली में स्वाइन फ्लू के मामलों में भारी उछाल, कोविड की तरह परिवारों में तेजी से फैल रहा संक्रमण

दिल्ली में H1N1 यानी स्वाइन फ्लू के मामलों में बड़ी बढ़ोतरी दर्ज की गई है। स्वास्थ्य अधिकारियों के अनुसार, इस साल 20 अगस्त 2026 तक 1,777 संक्रमण के मामले सामने आए हैं। केवल 20 अगस्त को ही 114 नए मामले रिपोर्ट किए गए, जो 2025 की समान अवधि के 229 मामलों से लगभग आठ गुना ज्यादा हैं। राजधानी में कुल इन्फ्लूएंजा के मामले 2,600 से अधिक हो गए हैं।
पारिवारिक संक्रमण और मुख्य स्ट्रेन
सार्वजनिक स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने 'कोविड जैसी पारिवारिक क्लस्टर' संक्रमण शैली की पहचान की है। Local Circles द्वारा 23 अगस्त 2026 को प्रकाशित एक सर्वे के अनुसार, दिल्ली-एनसीआर के 54% परिवारों में सदस्यों को फ्लू जैसे लक्षण महसूस हुए, जबकि ऐसे 39% परिवारों में दो या दो से अधिक लोग संक्रमित थे। पिछले साल हावी रहे H3N2 स्ट्रेन की जगह अब H1N1 शहर में इन्फ्लूएंजा A का मुख्य रूप बन गया है। भारतीय आयुर्विज्ञान अनुसंधान परिषद (ICMR) ने पुष्टि की है कि यह स्ट्रेन A/Missouri/11/2025 (H1N1) pdm09-like वायरस है।
सरकारी एडवाइजरी और सुरक्षा के उपाय
इस भारी बढ़ोतरी को देखते हुए दिल्ली सरकार ने एक व्यापक सार्वजनिक स्वास्थ्य एडवाइजरी जारी की है। अस्पतालों और अधिकारियों को IHIP पोर्टल पर मामलों की रिपोर्ट करने का निर्देश दिया गया है। AIIMS को निगरानी के लिए एक रेफरल प्रयोगशाला बनाया गया है। विशेषज्ञों ने नियमित हाथ धोने, सोशल डिस्टेंसिंग, मास्क पहनने और सार्वजनिक थूकने से बचने की सलाह दी है। Max Healthcare के डॉ. रोमेल टिक्कू और दिल्ली मेडिकल एसोसिएशन के अनिल बंसल ने वार्षिक टीकाकरण की जोरदार वकालत की है। डॉक्टरों ने चेतावनी दी है कि लोग खुद से दवा न लें और सांस लेने में कठिनाई या सीने में दर्द होने पर तुरंत डॉक्टर से मिलें। नवीनतम रिपोर्ट के अनुसार दिल्ली में H1N1 से कोई आधिकारिक मौत की पुष्टि नहीं हुई है।