CJP विरोध प्रदर्शन: दिल्ली में सुरक्षा सख्त, मेट्रो स्टेशन बंद और ट्रांसपोर्ट पर पाबंदी

राजधानी दिल्ली में 10 अक्टूबर को कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) द्वारा आयोजित विरोध मार्च को देखते हुए प्रशासन ने बेहद कड़े कदम उठाए हैं। शहर में सुरक्षा व्यवस्था को चाक-चौबंद करने के लिए आंशिक लॉकडाउन जैसी स्थिति पैदा कर दी गई है और परिवहन सेवाओं में बड़े पैमाने पर कटौती की गई है। CJP मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग कर रही है, क्योंकि पार्टी का आरोप है कि मतदाता सूची के संशोधन में अनियमितताएं बरती गई हैं।
दिल्ली पुलिस ने जंतर मंतर पर इस सभा की अनुमति देने से साफ इनकार कर दिया है। पुलिस का कहना है कि आवेदन 7 अक्टूबर को जमा किया गया, जो कि अनिवार्य 10 दिन की नोटिस अवधि का उल्लंघन था। इसके अलावा, जुलाई 2026 में तोलस्टॉय मार्ग और शांगरी ला के पास हुए प्रदर्शनों का हवाला दिया गया, जहां हिंसा और पत्थरबाजी हुई थी और एक ACP समेत कई पुलिसकर्मी घायल हुए थे। इसी वजह से इन इलाकों को अब 'हॉटस्पॉट' घोषित कर दिया गया है।
सुरक्षा के लिए उठाए गए कड़े कदम
भीड़ को रोकने के लिए नई दिल्ली इलाके में भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS) की धारा 163 लागू कर दी गई है। सुरक्षा इंतजामों के तहत 9 अक्टूबर रात 9 बजे से 10 अक्टूबर तक 57 दिल्ली मेट्रो स्टेशनों को बंद रखने का फैसला लिया गया है। साथ ही, नई दिल्ली और हजरत निजामुद्दीन रेलवे स्टेशनों पर आने वाली कई ट्रेनों को रद्द कर दिया गया है। शहर की सभी शराब दुकानों को 9 और 10 अक्टूबर को बंद रखने के आदेश दिए गए हैं, जबकि होटलों और गेस्ट हाउस को नए बुकिंग सीमित करने की सलाह दी गई है। कनॉट प्लेस के व्यापारियों ने भी विरोध प्रदर्शन के दिन दुकानें बंद रखने का अनुरोध किया है।
इस बीच, सुप्रीम कोर्ट ने मामले में हस्तक्षेप करते हुए कहा कि सार्वजनिक आवाजाही पर पूरी तरह प्रतिबंध नहीं लगाया जा सकता। CJI सूर्य कांत ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि मेट्रो और रेलवे सेवाओं को पूरी तरह ठप न किया जाए। दूसरी ओर, CJP के संस्थापक अभिजीत दिपके ने मार्च आगे बढ़ाने की ठान ली है। उनका दावा है कि जंतर मंतर एक निर्धारित विरोध स्थल है, जहां अनुमति की आवश्यकता नहीं होती।
खबरें हैं कि उत्तर प्रदेश और हरियाणा की सीमाओं पर पुलिस ने CJP समर्थकों को हिरासत में लेना शुरू कर दिया है। इस प्रदर्शन में ऑल इंडिया स्टूडेंट्स एसोसिएशन (AISA) के शामिल होने की खबरें हैं, जबकि INDIA गठबंधन के विपक्षी दल भी इसी मुद्दे पर राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू से मुलाकात की कोशिश कर रहे हैं। नई दिल्ली रेंज की जॉइंट कमिश्नर नुपुर प्रसाद ने स्पष्ट किया है कि पिछले प्रदर्शनों में नियमों के उल्लंघन के कारण ये प्रतिबंध जरूरी हैं।